जबलपुर में पॉक्सो कोर्ट ने दो अलग-अलग मामलों में नाबालिगों से छेड़खानी और अश्लील बातें करने वाले दो आरोपियों को दोषी करार दिया है। अदालत ने पाटन थाने में दर्ज मामले में आरोपी बंटू उर्फ संतोष पटेल को तीन साल के सश्रम कारावास और दो हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। वहीं, बरेला थाने में दर्ज प्रकरण में आरोपी राजू पटेल को एक साल के सश्रम कारावास और दो हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।
अदालत को अभियोजन पक्ष की ओर से बताया गया कि 23 मार्च 2019 को जब नाबालिगा बेयर हाउस पास सरकारी नल से पानी भर रही थी। उसी समय उसके मोहल्ले का आरोपी बंटू पटेल वेयर हाउस की तरफ से आया और पीड़िता को जमीन पर पटक-कर अश्लील हरकतें करने लगा। किसी तरह धक्का देकर पीड़िता भागी और मामले की शिकायत पाटन थाने में दर्ज कराई। उसके बाद अदालत ने आरोपी बंटू उर्फ संतोष पटेल को तीन साल के सश्रम कारावास व दो हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया।
पैसे का लालच देकर बनाना चाह रहा था शरीरिक संबंध
वहीं, दूसरे मामले में अदालत को बताया गया कि पीड़िता ने बरेला थाने में शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें उसने बताया था कि 30 अप्रैल 2019 को उसके घर से दादी की मौत की खबर आई थी। इस पर वह मशरुम कंपनी से छुट्टी मांगकर घर जाने के लिए रोड पर खड़ी थी। उसी समय एक ऑटो चालक आया और मनेरी तरफ ले जाऊंगा कहकर जबरदस्ती उसे ऑटो में बैठा लिया। इसके बाद बरेला तक लेकर गया और गंदी बातें करता रहा।
इसके बाद पीड़िता को पैसों का लालच देकर शारीरिक संबंध बनाने की बातें करने लगा। जब पीड़िता जोर-जोर से रोने लगी तो पहाड़ी खेड़ा तालाब के पास उतारकर भाग गया। शिकायत पर बरेला पुलिस ने छेड़खानी व पॉक्सो एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर अदालत के समक्ष चालान पेश किया। सुनवाई पश्चात अदालत ने आरोपी राजू पटेल को एक साल के सश्रम कारावास व दो हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। दोनों ही मामलों में शासन की ओर से अतिरिक्त जिला लोक अभियोजन अधिकारी स्मृति लता बरकड़े ने पैरवी की।