जबलपुर शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र अंतर्गत चेरीताल इलाके में मंगलवार सुबह एक रहस्यमयी घटना सामने आई, जिसने परिजनों के साथ-साथ पुलिस को भी सकते में डाल दिया। यहां एक 70 वर्षीय वृद्धा हीरा बाई चौधरी की संदिग्ध अवस्था में मौत हो गई। वह सोमवार रात अपनी दो पोतियों के साथ एक कमरे में सोई थीं। अगले दिन सुबह जब कमरे का दरवाजा काफी देर तक नहीं खुला, तो परिजनों को संदेह हुआ। दरवाजा खुलने पर घरवालों ने देखा कि वृद्धा मृत पड़ी हुई थी, जबकि उसकी बड़ी पोती के हाथ किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा बंधे हुए थे।
यह भी पढ़ें- Bhopal News: जमीन नाम पर कराने के लिए बेटे ने पिता को बनाया बंधक, पत्नी के साथ मिलकर की मारपीट
बाहर से किसी के घुसने के सबूत नहीं
घटना की जानकारी मिलने पर कोतवाली थाना प्रभारी मानस द्विवेदी मौके पर पहुंचे। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि वृद्धा और उसकी दोनों पोतियां रात लगभग 10 बजे कमरे में सोने गई थीं और दरवाजा अंदर से बंद किया गया था। सुबह तक जब कोई बाहर नहीं निकला, तो परिजनों ने दरवाजा खटखटाया। छोटी पोती ने जैसे ही दरवाजा खोला, सबका ध्यान कमरे में पड़ी हीरा बाई की निर्जीव देह पर गया।
पोस्टमार्टम से साफ होगा मौत का कारण
पुलिस का कहना है कि मृतका के शरीर पर किसी भी प्रकार के जख्म या चोट के निशान नहीं मिले हैं। ऐसे में मौत के वास्तविक कारण का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही लग सकेगा। वहीं, बड़ी पोती ने जो जानकारी दी, वह और भी चौंकाने वाली है। उसने बताया कि रात में लाइट चली गई थी और इसी दौरान किसी ने उसके हाथ बांध दिए। इसके बाद उसे कुछ याद नहीं है। यह भी गौर करने वाली बात है कि बड़ी पोती मानसिक रूप से अस्वस्थ बताई जा रही है और छोटी पोती घटना के बाद गहरे सदमे में है, जिससे वह फिलहाल बयान देने की स्थिति में नहीं है।
यह भी पढ़ें- MP News: खंडवा में भीषण सड़क हादसा; बोलेरो, बाइक और टवेरा की भिड़ंत में तीन पीढ़ियां एक साथ खत्म, तीन लोग घायल
पुलिस कर रही है सभी एंगल से जांच
थाना प्रभारी द्विवेदी ने बताया कि यह मामला पूरी तरह से संदिग्ध परिस्थितियों में सामने आया है। चूंकि दरवाजा अंदर से बंद था और घटना स्थल पर संघर्ष या चोरी जैसा कोई संकेत नहीं मिला है, इसलिए पुलिस किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी पहलुओं की गहनता से जांच कर रही है।