जिले को अपराध मुक्त बनाने की मंशा से नए साल से पुलिस नवाचार कर रही है। एसपी मयंक अवस्थी की पहल पर 'अपराध मुक्त-सीहोर हमारा’ स्लोगन के साथ पुलिस आठ संकल्पों के साथ अपना काम करेगी। पुलिस प्रत्येक थाने में आगंतुक रजिस्टर के माध्यम से पुलिस सेवाओं का जनता से फीडबैक भी लेगी।
एसपी ने कहा कि नूतन वर्ष 2022 में अपराध मुक्त सीहोर के लिए हमारी प्रतिबद्धता है। इसके साथ ही अनोखी पहल से अपराधों पर लगाम भी लगाई जाएगी। जिले में बढ़ रहे साइबर क्राइम सहित अपराधों पर अंकुश लगाने एसपी मंयक अवस्थी ने आठ संकल्पों के साथ लोगों के बीच पहुंचने की अपनी योजना के संबंध में जानकारी दी। सिलसिलेवार जानते हैं सीहोर पुलिस के आठों संकल्प को।
पहला संकल्प: वर्तमान में प्रत्येक मंगलवार को जनसुनवाई में लोगों की समस्याओं का निराकरण किया जाता है। अब प्रत्येक मंगलवार को जनसुनवाई के साथ ही दूरस्थ क्षेत्र के आवेदकों की समस्या का वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से निराकरण किया जाएगा।
दूसरा संकल्प: जिला पुलिस का दूसरा संकल्प है थाने में एफआईआर रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया को कम से कम समय में पूर्ण करना। जिससे समय पर पीड़ितों को न्याय और अपराधियों को सजा मिल सके।
तीसरा संकल्प: जिले में सायबर फ्रॉड के मामलों को लेकर पुलिस नए साल में ‘ओटीपी नहीं बताएंगे’ स्लोगन के साथ लोगों के बीच पहुंचेगी। जिससे लोग ऑनलाइन ठगी के शिकार होने से बच सकें। ज्ञात रहे कि जिले में वर्ष २०२१ में सायबर फ्रॉड के 176 मामले आए थे, जिसमें बदमाशों ने 97 लाख रुपए की मोटी रकम की ठगी लोगों के साथ की थी।
चौथा संकल्प: पुलिस के चौथा संकल्प 24 घंटे में संपत्ति संबंधी अपराध और वाहन चोरी में आवश्यक रूप से एफआईआर दर्ज करना है। ई-एफआईआर के तहत 15 लाख रुपये से कम का कोई वाहन चोरी हुआ है या एक लाख तक की सामान्य चोरी हुई है तो ऐसे मामलों में आप ई—एफआईआर दर्ज कर सकते हैं। इसके अलावा आप नागरिक पोर्टल के माध्यम से ई-एफआइआर की वर्तमान स्थिति की जानकारी ले सकते हैं।
पांचवां संकल्प: पांचवें संकल्प के रूप में जिले की पुलिस प्रत्येक थाने में आगंतुक रजिस्टर के माध्यम से पुलिस सेवाओं का जनता से फीडबैक लेंगे। पुलिस जानेगी कि आम जनता के बीच पुलिस के छवि कैसी और उसमें क्या सुधार होना चाहिए।
छठा संकल्प: छठे संकल्प में आवेदकों को जांच के निष्कर्ष से 7 दिन में अनिवार्य रूप से अवगत कराना शामिल है। पुलिस का प्रयास रहेगा कि दर्ज रिपोर्टों में पुलिस ने क्या कार्रवाई की। इसे आवेदकों को अवगत कराया जाएगा।
सातवां संकल्प: जिले की पुलिस नशा मुक्त सीहोर बनाने के लिए भी अभियान छेड़ेगी। पुलिस बताएगी कि नशे की लत लोगों को गलत दिशा में भटका देती है और जीवन पूरी तरह से नर्क बन जाता है। लोगों को नशे से तौबा करने पुलिस लोगों के बीच सामाजिक जिम्मेदारी भी निभाएगी।
आठवां संकल्प: पुलिस का आठवां संकल्प वरिष्ठ अफसरों के नंबर लोगों तक आसानी से पहुंचाने का है, ताकि अपराधों की सूचना त्वरित मिल सके और उस पर अंकुश लगाया सके। इसके लिए सभी थाना क्षेत्र में थाना प्रभारी, एसडीओपी, सीएसपी एवं वरिष्ठ अधिकारियों के संपर्क नंबर का प्रचार-प्रसार एवं त्वरित रिस्पांस प्रदान करना रहेगा।