रोजगार तलाशने वालों के लिए एक स्टार्टअप बेहतर प्लेटफॉर्म बनकर सामने आया है। इससे हजारों लोगों की रोजगार की तलाश आसान होगी। ये स्टार्टअप AI के जरिए लोगों की मदद कर रहा है। इसका लक्ष्य हर साल दस हजार लोगों की मदद करना है।
बता दें कि स्टार्टअप वाहन उम्मीदवारों को नौकरी के उपयुक्त अवसरों के साथ ही कुशलता और सटीकता भी प्रदान करती है। सोफिस्टिकेटेड एल्गोरिदम्स के माध्यम से यह प्लेटफॉर्म व्यवसायों द्वारा कुशलतापूर्वक योग्य प्रतिभा की पहचान करना और नौकरी चाहने वालों को उनके कौशल और अनुभव के अनुरूप पद दिलाना सुनिश्चित करता है। स्टार्टअप के सीईओ माधव कृष्ण ने अमर उजाला को बताया कि हमारा लक्ष्य ब्लू-कॉलर हायरिंग में क्रांति लाना है, ताकि इसे नौकरी चाहने वालों और नियोक्ताओं दोनों के लिए सरल और कुशल बनाया जा सके।
माधव ने कहा कि हम सिर्फ टेक्नोलॉजी को ही प्रभावित नहीं करते, बल्कि व्यक्तियों और व्यवसायों को समान रूप से सशक्त बनाने में भी योगदान देते हैं। एक यूज़र-फ्रेंडली प्लेटफॉर्म और व्यक्तिगत सहायता प्रदान करके यह स्टार्टअप सुनिश्चित करता है कि नौकरी चाहने वाले और नियोक्ता दोनों आसानी और आत्मविश्वास के साथ हायरिंग प्रोसेस पूर्ण कर सकें। माधव ने बताया कि हम हर साल दस हजार लोगों को रोजगार देने के लक्ष्य के साथ काम कर रहे हैं। हम ऐसे लोगों की मदद करते हैं जो रोजगार तलाशने के लिए यहां-वहां भटकते हैं।