आएसएस प्रमुख मोहन भागवत चार घंटों के लिए इंदौर आए। उन्हें इंदौर से रेल से गांधी नगर जाना था। जब वे स्टेशन पर पहुंचे तो उनकी सुरक्षा में चूक नजर आई। एक युवक इस दौरान बुलैट लेकर प्लेटफार्म तक जा पहुंचा। बुलैट में मॉडिफाई साइलेंसर लगा था।
जब वह प्लेटफार्म पर बुलैट चलाने लगा तो गोलियों की आवाज जैसी आवाजें आने लगी। संघ प्रमुख की सुरक्षा में जुटे अफसर सर्तक हो गए। उधर रेलवे पुलिस ने मांजरा समझा और तत्काल युवक को धरदबोचा। युवक की तलाशी ली, लेकिन उसके पास से कुछ नहीं निकला। युवक का नाम इंदरराज दांगी है। जीआरपी थाने ने उसके खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।
ओंकारेश्वर में नर्मदा नदी से जुड़े कार्यक्रम में शामिल होने के बाद संघ प्रमुख मोहन भागवत इंदौर आए। वे पंथ वैद्य काॅलोनी में मालवा प्रांत के सुदर्शन भवन में पहुंचे। छह माह पहले तैयार हुए इस भवन में संघ प्रमुख पहली बार आए थे।
रात को उन्हें शांति एक्सप्रेस ट्रेन से गांधी नगर के लिए रवाना होना था। स्टेशन पर पुलिस ने इंतजाम लगा रखे थे। सुरक्षा के साये में वे स्टेशन पहुंचे, तब एक नंबर प्लेटफार्म पर एक युवक बुलैट लेकर आ गया। उसकी बुलैट में मॉडिफाई साइलेंसर लगा हुआ था।
इससे बुलैट से फटाखों और गोलियों की आवाज आ रही थी। नियमों के अनुसार इस तरह के साइलेंसर नहीं लगाए जा सकते है। युवक आगे बढ़ने लगा तो सुरक्षा में तैनात पुलिस जवानों ने उसे रोका और बुलैट की चाबी निकाल ली।
युवक कुछ समझ पाता, उससे पहले पुलिसकर्मी उसे पकड़ कर जीआरपी थाने ले गए। युवक माफी भी मांगने लगा, लेकिन पुलिस ने उसके खिलाफ केस दर्ज कर लिया। युवक इंदरराज विदिशा के नानकपुरा का रहने वाला है। इंदौर में वह सांवेर रोड के एक कारखाने में सुपरवाइजर है।