बिजासन के पास भी पौधे लगाए जा रहे है।
- फोटो : अमर उजाला
रेवती रेंज की पहाड़ी के पौधों तक सीवरेज का पानी पहुंचाने के लिए नगर निगम 10 करोड़ रुपए खर्च करेगा। इस ठेके में नगर निगम को 16 लाख रुपए की बचत का भी अनुमान है। इस कार्य के लिए नगर निगम ने एक टेंडर जारी किया था, जिसमें दो कंपनियों ने इस काम को करने में रुचि व्यक्त की। निगम को इस काम के लिए न्यूनतम 10.06 करोड़ रुपए का ऑफर मिला, जो पहले अनुमानित 10.22 करोड़ रुपए से कम है।
Indore इंदौर के ट्रैफिक थाने में लगी आग, जब्त किए 100 से ज्यादा वाहन जलकर खाक
पौधों के लिए जल आपूर्ति की व्यवस्था
पिछले मानसून के दौरान, प्रदेश के नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय की पहल पर उज्जैन रोड स्थित रेवती रेंज की पहाड़ी पर 12.5 लाख पौधे लगाए गए थे। उस समय एक बड़ी समस्या यह थी कि इन पौधों को जीवित रखने के लिए पानी की व्यवस्था कैसे की जाए। नगर निगम ने पहाड़ी क्षेत्र में बोरिंग करवाई थी, जिसका इस्तेमाल अब तक इन पौधों को पानी देने के लिए किया जा रहा था। हालांकि, अब निगम ने एक नया टेंडर जारी किया है, जिसमें कबीटखेड़ी से रेवती रेंज की पहाड़ी तक पानी लाने का काम किया जाएगा।
जल पुनर्चक्रण का महत्व
नगर निगम द्वारा यह तय किया गया है कि ड्रेनेज का पानी कबीटखेड़ी के ट्रीटमेंट प्लांट से उपचारित होकर रेवती रेंज की पहाड़ी पर पौधों की देखरेख के लिए उपयोग किया जाएगा। इस प्रक्रिया से जल की बचत होगी और पर्यावरण की भी रक्षा होगी। निगम का यह कदम जल पुनर्चक्रण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे जल का पुनः उपयोग करके पौधों की देखभाल की जाएगी। इस परियोजना पर नगर निगम का अनुमान था कि 10.22 करोड़ रुपए की लागत आएगी, लेकिन अब यह लागत घटकर 10.06 करोड़ रुपए हो गई है।
कार्य की योजना और विवरण
निगम की जनकार्य समिति के प्रभारी राजेंद्र राठौर के अनुसार, इस परियोजना के तहत इंदौर शहर में रेवती रेंज पहाड़ी पर पौधों के लिए 245 एमएलडी एसटीपी कबीटखेड़ी से पानी लाने के लिए विभिन्न कार्य किए जाएंगे। इसमें पंपिंग मेन, पंपिंग मशीनरी, ईएसआर का सर्वेक्षण, मृदा जांच, डिजाइन, आपूर्ति, लाइन बिछाने और कमीशनिंग जैसी गतिविधियां शामिल हैं। दो कंपनियों ने इस टेंडर में भाग लिया था, जिसमें संयुग इंफ्राकॉन प्राइवेट लिमिटेड ने सबसे कम दर दी है। अब नगर निगम इस कंपनी को यह कार्य सौंपने की प्रक्रिया पूरी कर रहा है।