फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Indore News: इंदौर में चल रहे फर्जी कॉल सेंटर पर दिल्ली पुलिस का छापा, 28 कंप्यूटर जब्त, 6 गिरफ्तार

Wed, 05 Aug 2026 12:02 PM IST
Arjun Richhariya न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर

सार

Indore News: दिल्ली पुलिस की द्वारका साइबर सेल ने इंदौर में चल रहे एक अवैध साइबर कॉल सेंटर का भंडाफोड़ कर 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है और मौके से 28 कंप्यूटर जब्त किए हैं। 
विज्ञापन
INDORE NEWS - फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

दिल्ली की द्वारका पुलिस साइबर सेल ने ऑनलाइन धोखाधड़ी में शामिल इंदौर के एक गैर-कानूनी साइबर कॉल सेंटर का भंडाफोड़ किया है। इसमें इंदौर से 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। छापेमारी के दौरान पुलिस ने 28 कंप्यूटर, इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस और कई आपत्तिजनक दस्तावेज जब्त किए हैं। पुलिस के अनुसार, शुरुआती जांच से पता चलता है कि यह रैकेट बड़े पैमाने पर साइबर धोखाधड़ी नेटवर्क का हिस्सा था जो अनजान लोगों को अपना शिकार बनाता था। वित्तीय लेन-देन का पता लगाने और इस सिंडिकेट से जुड़े अन्य साथियों की पहचान करने के लिए आगे की जांच चल रही है।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें...
Indore News: प्रदेश के पहले मेंटल हेल्थ सेंटर का काम अटका, 22 करोड़ का प्रोजेक्ट 4 साल में भी पूरा नहीं हो सका

इंदौर पुलिस को जानकारी नहीं
इंदौर पुलिस को हालांकि इस छापे की कोई जानकारी नहीं मिली है। एडिशनल डीसीपी राजेश दंडोतिया ने कहा कि दिल्ली पुलिस की इस कार्रवाई की हमें कोई जानकारी नहीं दी गई है। इस तरह साइबर अपराध करने वाले गैंग देशभर में सक्रिय हैं। अन्य राज्यों की पुलिस अपने स्तर पर जानकारी पुख्ता करने के बाद उन्हें गिरफ्त में लेती है। 
विज्ञापन


डिजिटल अरेस्ट पर सुप्रीम कोर्ट के कड़े निर्देश
हाल ही में, सुप्रीम कोर्ट ने डिजिटल अरेस्ट स्कैम के खिलाफ उपायों को मजबूत करने के लिए देश भर में कई निर्देश जारी किए हैं। कोर्ट ने रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) को 4 सप्ताह के भीतर एक स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOP) बनाने का निर्देश दिया और देश भर में साइबर धोखाधड़ी से जुड़ी शिकायतों के समाधान के सिस्टम को तेजी से लागू करने को कहा। भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्य कांत और जस्टिस जॉयमाल्य बागची और वी. मोहना की बेंच ने केंद्रीय गृह मंत्रालय के इंडियन साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर द्वारा दायर स्टेटस रिपोर्ट पर गौर करने के बाद ये निर्देश जारी किए।
विज्ञापन


राज्यों और अदालतों के लिए जरूरी आदेश
बेंच ने सभी राज्यों, केंद्र शासित प्रदेशों और कानून लागू करने वाली एजेंसियों को निर्देश दिया कि वे गृह मंत्रालय के 2 जनवरी के SOP के तहत शुरू किए गए शिकायत निवारण मॉड्यूल और मनी रेस्टोरेशन मॉड्यूल को जल्द से जल्द चालू करें। यह SOP नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल और साइबर RMS से संबंधित है। राज्यों से यह भी कहा गया कि वे डिजिटल अरेस्ट स्कैम और उपलब्ध रिपोर्टिंग व शिकायत निवारण सिस्टम के बारे में लोगों को जागरूक करने के लिए अभियान चलाएं। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि यह SOP हर हाई कोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल को भी उपलब्ध कराया जाना चाहिए। सभी हाई कोर्ट के रजिस्ट्रार जनरलों को निर्देश दिया गया कि वे बैंक खाते फ्रीज करने के मामलों से निपटने वाली अदालतों और अधिकारियों को इन शिकायत निवारण सिस्टम के बारे में जानकारी दें, ताकि प्रभावित लोग अपने कानूनी या संवैधानिक अधिकारों पर असर डाले बिना पहले इन उपायों का लाभ उठा सकें।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें