दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में पीजी हॉस्टल की बिल्डिंग गिरने के हादसे में हरपालपुर निवासी 37 वर्षीय मजदूर परमलाल कोरी की मौत हो गई। हादसे के वक्त परमलाल बिल्डिंग के बेसमेंट में मजदूरी कर रहा था। मलबे में दबने से उसकी जान चली गई। मंगलवार को पोस्टमार्टम के बाद प्रशासन की मदद से एंबुलेंस से उसका शव हरपालपुर स्थित घर लाया गया। शव पहुंचते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। शाम को गमगीन माहौल में नगर के श्मशान घाट पर उसका अंतिम संस्कार किया गया।
पत्नी गले में पति के नाम की तख्ती लेकर तलाशती रही
शव पहुंचा तो पत्नी, बेटे और मां का रो-रोकर बुरा हाल
मंगलवार को जैसे ही परमलाल का शव वार्ड नंबर-4 स्थित घर पहुंचा, परिजनों का दर्द फूट पड़ा। पत्नी, पांच साल के बेटे और वृद्ध मां का रो-रोकर बुरा हाल था। जवान बेटे की मौत से मां बेसुध हो गई। परिवार को सांत्वना देने के लिए बड़ी संख्या में लोग घर पहुंचे। पूरे मोहल्ले में मातम का माहौल रहा।
परिवार में इकलौता कमाने वाला था परमलाल
परिजनों ने बताया कि परमलाल परिवार में कमाने वाला एकमात्र सदस्य था। वह दिल्ली में मजदूरी कर पत्नी, बेटे और वृद्ध मां का भरण-पोषण करता था। हरपालपुर में उसका परिवार जर्जर कच्चे मकान में रहता है। परमलाल की अचानक मौत से परिवार के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। पत्नी और पांच साल के बेटे के भविष्य को लेकर परिजन चिंतित हैं।
अभी तक नहीं मिला मुआवजा