केंद्र सरकार द्वारा एससी-एसटी अत्याचार निरोधक कानून के संबंध में उच्चतम न्यायालय का फैसला पलटे जाने के विरोध में पूर्व विधायक लक्ष्मण तिवारी ने भाजपा से इस्तीफा दे दिया है।
भाजपा की सदस्यता से त्यागपत्र देते हुए तिवारी ने एससी/एसटी अत्याचार निरोधक कानून के संबंध में उच्चतम न्यायालय का फैसला पलटे जाने की आलोचना करते हुए आज कहा कि मात्र आरोप के आधार पर लोगों को बिना जांच के महीनों जेल में भेजना अत्याचार है।
उन्होंने कहा, ‘‘हमें कांग्रेस से कोई आशा नहीं थी, लेकिन भाजपा भी उसी तरह से काम कर रही है।’’ तिवारी ने कहा कि इस मुद्दे पर आगे की रणनीति बनाने के लिये 12 राज्यों के प्रतिनिधियों के साथ 14 सितंबर को एक बैठक रखी गई है।