व्यापम घोटाले में एक प्रमुख आरोपी द्वारा एक ‘मंत्राणी’ और ‘मंत्री की पत्नी’ का नाम लिए जाने की खबरों ने मुख्य विपक्षी कांग्रेस को राज्य की भाजपा सरकार पर हमला बोलने का नया हथियार दे दिया है।
पार्टी ने आरोप लगाया कि इस मामले में राज्य सरकार के दबाव के कारण ही एसटीएफ ने चुन-चुन कर लोगों के गिरेबां में हाथ डाला। राज्य में कांग्रेस के प्रवक्ता केके मिश्रा ने कहा, ‘हमारा आरोप है कि फॉरेस्ट गार्ड के चयन मामले में एसटीएफ ने कुछ चुने हुए लोगों के खिलाफ ही कार्रवाई की तथा कुछ लोगों को बचाया गया।
एक मुख्य आरोपी ने खुद यह बात कही। मालूम हो कि व्यापम के पूर्व सचिव पंकज त्रिवेदी ने जांच एजेंसी को एक मंत्राणी (महिला मंत्री) और मंत्री की पत्नी का नाम बताया था, लेकिन यह नहीं पता चल पाया कि ये लोग कौन थे।
इन लोगों का एफआईआर में भी नाम दर्ज नहीं हुआ। फिलहाल यह भी नहीं पता चल पाया कि त्रिवेदी का इशारा किस ओर था।