फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जय जोहार पर बवाल: आदिवासी छात्रों के अपमान पर भड़की कांग्रेस, जीतू पटवारी बोले- पुलिस अधिकारी पर एफआईआर करो

Wed, 14 Oct 2026 06:34 PM IST
Sandeep Kumar Tiwari न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल

सार

भोपाल के रोशनपुरा चौराहे पर आदिवासी छात्र-छात्राओं के प्रदर्शन के दौरान पुलिस के कथित अभद्र व्यवहार पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने नाराजगी जताई है। उन्होंने संबंधित पुलिस अधिकारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने और निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए मुख्यमंत्री व डीजीपी से हस्तक्षेप करने को कहा। कार्रवाई नहीं होने पर कांग्रेस ने कमिश्नर कार्यालय के घेराव और प्रदेशव्यापी आंदोलन की चेतावनी दी है।
विज्ञापन
पीसीसीसी चीफ जीतू पटवारी के साथ छात्र - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

राजधानी में आदिवासी छात्र-छात्राओं के प्रदर्शन के दौरान पुलिस के कथित अभद्र व्यवहार ने सियासी तकरार बढ़ा दी है। रोशनपुरा चौराहे पर 13 अक्टूबर को हुए प्रदर्शन में जय जोहार का नारा लगाने वाले विद्यार्थियों के साथ कथित गाली-गलौज और जातिगत अपमान का आरोप लगाते हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सरकार को सीधे कार्रवाई की चुनौती दी है। उन्होंने संबंधित पुलिस अधिकारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग करते हुए चेतावनी दी कि कार्रवाई नहीं हुई तो कांग्रेस कमिश्नर कार्यालय का घेराव करेगी। जरूरत पड़ने पर प्रदेशव्यापी आंदोलन भी किया जाएगा। कांग्रेस ने इस मामले को आदिवासी समाज के सम्मान और पुलिस की जवाबदेही से जोड़ते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को निशाने पर लिया है। पटवारी ने कहा कि मुख्यमंत्री प्रदेश के गृह मंत्री भी हैं, इसलिए उन्हें मामले का तत्काल संज्ञान लेकर निष्पक्ष जांच और कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करनी चाहिए।
विज्ञापन


जय जोहार के अपमान का आरोप, एफआईआर की मांग
जीतू पटवारी ने आरोप लगाया कि अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे आदिवासी छात्र-छात्राओं के साथ पुलिस अधिकारी ने अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया और जातिगत आधार पर अपमानित किया। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखना नागरिकों का अधिकार है। प्रदर्शनकारियों की मांग सुनने के बजाय उन्हें अपमानित करना स्वीकार्य नहीं है। पटवारी ने कहा कि जय जोहार केवल नारा नहीं, बल्कि आदिवासी समाज की अस्मिता, संस्कृति और सम्मान का प्रतीक है। ऐसे शब्दों के प्रति अपमानजनक व्यवहार समाज की भावनाओं को ठेस पहुंचाता है। उन्होंने संबंधित अधिकारी के खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज कर कानून के अनुसार कार्रवाई करने की मांग की।

मुख्यमंत्री और डीजीपी से सीधे हस्तक्षेप की मांग
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और पुलिस महानिदेशक से मामले में तत्काल हस्तक्षेप करने को कहा है। उनकी मांग है कि आरोपों की निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषी पाए जाने वाले अधिकारी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई हो। पटवारी ने कहा कि प्रशासनिक अधिकारियों की जवाबदेही तय करना सरकार की जिम्मेदारी है।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें-विवादों में घिरे बीयू को मिला नया कुलगुरु: प्रो. दीन दयाल बेदिया को मिली कमान, चार साल का कार्यकाल
विज्ञापन



कार्रवाई नहीं हुई तो सड़क पर उतरेगी कांग्रेस
पटवारी ने साफ किया कि यदि संबंधित अधिकारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो कांग्रेस कमिश्नर कार्यालय का घेराव करेगी। उन्होंने प्रदेशव्यापी आंदोलन की चेतावनी भी दी। कांग्रेस ने इस प्रकरण में सरकार से तत्काल जवाब देने और आदिवासी विद्यार्थियों को न्याय दिलाने की मांग की है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें