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Bhopal news: ईडी कार्यालय जा रहे कांग्रेसियों को पुलिस ने रोका, वाटर कैनन का प्रयोग, बैरिकेड से गिरे विधायक

Thu, 22 Aug 2024 04:15 PM IST
संदीप तिवारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

ED के कार्यालय  जा रहे कांग्रेस नेताओं को पुलिस ने बोर्ड ऑफिस चौराहे पर रोक लिया। इस दौरान बैरिकेड पर चढ़ने का प्रयास कर रहे कांग्रेस के विधायक समेत कई लोग वाटर कैनन के प्रेशर से नीचे गिर गए। बाद में ईडी के नाम एसडीएम को आवेदन दिया गया। 
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भोपाव में प्रदर्शन करते कांग्रेसी नेता - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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भोपाल के अरेरा हिल्स स्थित प्रवर्तन निदेशालय के (ईडी) के कार्यालय पर ज्ञापन देने जा रहे कांग्रेस नेताओं को गुरुवार को पुलिस ने बोर्ड ऑफिस चौराहे पर रोक दिया। इस दौरान बैरिकेड पर चढ़ने का प्रयास कर रहे, कांग्रेस के दो विधायक पानी की बौछारों के प्रेशर से नीचे गिर गए। 

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दरअसल, हिंडनबर्ग रिपोर्ट पर सेबी चीफ के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदेश कांग्रेस ने गुरुवार को राजधानी भोपाल में प्रदर्शन कर रही थी कई नेता बैरिकेड पर चढ़कर जब आगे बढ़ने की कोशिश की, तो पुलिस ने कांग्रेसी कार्यकर्ताओं को नियंत्रित करने वाटर कैनन का उपयोग किया। बौछार से विधायक मसूद समेत कई नेता नीचे गिर गए। वहीं, श्योपुर के विधायक बाबू जंडेल को पुलिस ने बैरिकेड से हाथ पकड़कर नीचे उतार दिया। कांग्रेस का आरोप है कि सेबी ने उद्योगपतियों को आर्थिक लाभ पहुंचाया है। 

गौरतलब है कि अमेरिकी शॉर्ट-सेलर हिंडनबर्ग रिसर्च द्वारा अदाणी औद्योगिक समूह पर गंभीर आरोप लगाए हैं। हिंडनबर्ग ने अपनी ताजा रिपोर्ट में दावा किया है कि मार्केट रेगुलेटर सेबी चीफ माधबी पुरी बुच की उन विदेशी फंडों में हिस्सेदारी है, जिनका अदाणी समूह इस्तेमाल करता है। 
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बोर्ड ऑफिस से ईडी कार्यालय पैदल जाने का था प्लान
मध्य प्रदेश कांग्रेस के नेता पीसीसी दफ्तर से पैदल मार्च करते हुए व्यापमं चौराहे पहुंचे, जहां नेताओं ने कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। संबोधन के बाद व्यापमं चौराहे से पैदल मार्च करते हुए ईडी दफ्तर पहुंचने के पहले पुलिस ने उन्हें रोक दिया। पुलिस द्वारा कांग्रेस कार्यकर्ताओं को बैरिकेडिंग कर रोका गया। कांग्रेस कार्यकर्ता बैरिकेड पर चढ़ गए। इसके बाद पुलिस ने वाटर कैनन का प्रयोग किया। कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी भंवर जितेंद्र सिंह और पीसीसी जीतू पटवारी भी बैरिकेड पर चढ़ गए। इस बीच, पुलिस बल और कांग्रेस कार्यकर्ताओं में झड़प भी हुई। धरना-प्रदर्शन में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव एवं प्रदेश प्रभारी भंवर जितेंद्र सिंह, प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, उप नेता प्रतिपक्ष हेमंत कटारे और कमलेश्वर पटेल, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष कांतिलाल भूरिया, पूर्व नेता प्रतिपक्ष गोविंद सिंह, विधायक अजय सिंह समेत कार्यकर्ता मौजूद रहे।

20 प्रतिशत लोगों के पास देश की 80% संपत्ति  
पीसीसी चीफ जीतू पटवारी ने प्रदर्शन से पहले कहा कि 20 फीसदी लोगों के पास देश की 80 प्रतिशत संपत्ति चली गई। 10 साल में जो गरीब थे उनकी संख्या दोगुनी हो गई और नरेंद्र मोदी के जो हम दो हमारे दो थे उनके पास देश की संपत्ति के 60 प्रतिशत हिस्सा पहुंच गया है। हिंडनबर्ग की रिपोर्ट दो बार सार्वजनिक हुई, जिसमें फर्जी कंपनियों के माध्यम से 20 हजार करोड़ की अदाणी के शेयर में हेराफेरी हुई। रिपोर्ट आने के बाद अदाणी का शेयर धड़ाम से नीचे गिर गया। जब राहुल गांधी ने इस मामले को देश के सामने उठाया और कहा कि मोदी की सरकार गरीबों का पैसा लूटती है और अमीरों की जेब भर्ती है। सेबी जो शेयर बाजार पर निगाह रखती है उसी के डायरेक्टर की संपत्ति पांच साल में चार गुना हो गई।

शेयर धारकों के साथ छलावा, देश में ईडी का अलग कानून
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा कि शेयर धारकों के साथ छलावा किया जा रहा है। बंद कमरों के अंदर उसके साथ धोखा करके शेयर के भाव बढ़ाए जाते हैं। देश के हजारों शेयर निवेशकों की बात भारतीय जनता पार्टी नहीं करना चाहती। भाजपा सिर्फ अपने लोगों का पैसा कैसे बढ़े, इस पर काम करती है। उन्होंने कहा कि शेयर मार्केट में कई कर्ज में डूब गए। लेकिन, अदाणी की कंपनी के शेयर का कुछ नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि ईडी का नया कानून चलता है। पुलिस जब आरोपी बनाती है तो गवाह और बयान के आधार पर बनाती है। ईडी को किसी गवाह और बयान की जरूरत नहीं है। किसी को भी फंसा सकती है। यह देश में कैसा काला कानून है।

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