Kamal Nath Likely To Join BJP: मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और वरिष्ठ कांग्रेस नेता कमलनाथ भाजपा में शामिल हो सकते हैं। कुछ दिन पहले उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने का समय लिया था। छिंदवाड़ा के कार्यक्रम रद्द कर वे दिल्ली पहुंचे।
मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के भाजपा में शामिल होने की अटकलें तेज हो गई हैं। उन्होंने शनिवार को अपना छिंदवाड़ा दौरा निरस्त किया और भोपाल होकर दिल्ली के लिए रवाना हुए। उनके साथ उनके सांसद बेटे नकुलनाथ भी दिल्ली जा रहे हैं। इस दौरे को लेकर प्रदेश की राजनीति में भूचाल आ गया है। दिल्ली में शनिवार से भाजपा का राष्ट्रीय अधिवेशन शुरू हो रहा है। ऐसे में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा समेत प्रदेश भाजपा के कई बड़े नेता दिल्ली में हैं।
दिग्विजय और जीतू पटवारी ने किया खंडन
जबलपुर में कांग्रेस के राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह ने कहा कि यह खबरें बेबुनियाद हैं। जिस समय इंदिरा गांधी को जनता पार्टी सरकार जेल भेजने को उतारू थी, तब कमलनाथ उनके पीछे खड़े थे। कमलनाथ किसी भी स्थिति में सोनिया गांधी का साथ नहीं छोड़ने वाले। वहीं, मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने क्या इंदिराजी का तीसरा बेटा कांग्रेस छोड़ सकता है? जब सिंधिया जी सरकार गिराकर जा रहे थे और तब हमारे लोग कमलनाथ जी को मुख्यमंत्री बनाने के लिए पुलिस के डंडे खा रहे थे, क्या वो कमलनाथ जी हमें छोड़कर जा सकते हैं? हमारे नेतृत्व ने एकसाथ मिलकर अशोक सिंह को राज्यसभा उम्मीदवार बनाया। कमलनाथ जी के पार्टी छोड़कर जाने की खबरें निराधार हैं।
लगातार मिल रहे हैं संकेत
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा के साथ-साथ भाजपा के कई वरिष्ठ नेता कह चुके हैं कि कमलनाथ का पार्टी में स्वागत है। शर्मा ने कहा था कि कांग्रेस ने राम मंदिर उद्घाटन कार्यक्रम का विरोध किया। इस विरोध के चलते जिन कांग्रेसियों के मन में कोई पीड़ा है और वह भाजपा में शामिल होना चाहते हैं, तो उनके लिए दरवाजे खुले हुए हैं। उनका स्वागत है। इससे पहले पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने इंदौर में कहा था कि कमलनाथ भगवान राम का नाम लें और भाजपा में शामिल हो जाए। भाजपा प्रवक्ता नरेंद्र सलूजा ने कमलनाथ और नकुल नाथ की तस्वीर सोशल मीडिया पर अपलोड की और लिखा जय श्री राम।
कमलनाथ कांग्रेस के कार्यक्रम में नहीं दिख रहे
पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के कांग्रेस में शामिल होने को लेकर लंबे समय से चर्चा चल रही है। कुछ दिन पहले उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने का समय लिया था। इसके बाद से ही अटकलें तेज हो गई हैं कि वह भाजपा में शामिल हो सकते हैं। कांग्रेस ने विधानसभा चुनाव कमलनाथ के चेहरे पर लड़ा था। हार के बाद केंद्रीय नेतृत्व ने अचानक प्रदेश संगठन में बदलाव किया। कमलनाथ को विदा किया और जीतू पटवारी को प्रदेश अध्यक्ष बना दिया। फिर उनके राज्यसभा जाने की भी चर्चा चली, लेकिन मध्य प्रदेश से अशोक सिंह को भेज दिया। यह दोनों उनके नाराज होने की वजह बताई जा रही है। वह पिछले कुछ समय से पार्टी के कार्यक्रमों में भी दिखाई नहीं दिए। यहां तक कि कांग्रेस से राज्यसभा के उम्मीदवार अशोक सिंह के नामांकन के दौरान भी विधानसभा में मौजूद नहीं रहे थे।
19 को कमलनाथ और नकुलनाथ करेंगे रामलला के दर्शन
पूर्व सीएम कमलनाथ और नकुलनाथ रामलला के दर्शन करने अयोध्या जाएगी। जानकारी के अनुसार पिता-पुत्र दोनों 19 फरवरी को रामलला के दर्शन करने अयोध्या जाएंगे। वहीं, उनके करीबियों का कहना है कि अब कभी भी कमलनाथ कोई बड़ा एलान कर सकते है। चर्चा यह भी है कि कमलनाथ और उनके बेटे नकुलनाथ 19 को ही भाजपा की सदस्यता ले सकते है।
1980 में बने पहली बार छिंदवाड़ा से सांसद
पूर्व सीएम कमलनाथ का करीब 45 साल का राजनीतिक जीवन है। कमलनाथ को पहली बार छिंदवाड़ा से 1980 में लोकसभा का टिकट दिया था और चुनाव जीत कर सांसद बने। वह नौ बार छिंदवाड़ा से सांसद चुने गए। उनकी पत्नी अल्का नाथ भी सांसद रही है। छिंदवाड़ा से अभी उनके बेटे नकुलनाथ सांसद है। कमलनाथ मध्य प्रदेश में नेता प्रतिपक्ष रहे और मध्य प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष रहे हैं।