एमपी बोर्ड की 10वीं कक्षा की परीक्षा शुरू
- फोटो : अमर उजाला
मप्र बोर्ड की कक्षा 10 वीं का हिंदी का फर्जी प्रश्न पत्र सोशल मीडिया में बेचने वाले दो छात्रों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। ये दोनों कक्षा 11 वीं के छात्र हैं। बता दें, पांच फरवरी से प्रदेश में मध्य प्रदेश माधमिक शिक्षा मंडल की कक्षा दसवीं की परीक्षा शुरू हो गई। पहले दिन सुबह नौ बजे परीक्षा शुरू होने के कुछ समय पहले ही इंदौर में सोशल मीडिया पर एक प्रश्न-पत्र वायरल होने लगा, जिसे ओरिजनल पेपर बताया जा रहा था। हालांकि, माध्यमिक शिक्षा मंडल ने स्पष्ट किया कि उक्त पेपर फर्जी है। माध्यमिक शिक्षा मंडल का कहना है कि जो प्रश्न पत्र वायरल हो रहा है वह फर्जी है।
भोपाल क्राइम ब्रांच कर रही जांच
पूर्व में हुए पेपर लीक मामले में भोपाल क्राइम ब्रांच मामला दर्ज कर जांच कर रही है। इसी बीच, भोपाल क्राइम ब्रांच ने टेलीग्राम पर ग्रुप बनाकर फर्जी पेपर बेचकर उसे माध्यमिक शिक्षा मंडल का मूल प्रश्न-पत्र बनाकर बेच रहे दो लोगों को हिरासत में लिया।
रीवा से हिरासत में लिया गया
भोपाल क्राइम ब्रांच ने रीवा से दो लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। हिरासत में लिए गए दोनों नाबालिग हैं और कक्षा 11 वीं के छात्र हैं। ये टेलीग्राम पर ग्रुप बनाकर पेपर बेच रहे थे। भोपाल क्राइम ब्रांच के डीसीपी शैलेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि दोनों नाबालिग कक्षा दसवीं और 12 वीं के प्रश्न -पत्र के नाम पर 500 रुपये ऑनलाइन अपने खाते में ट्रांसफर कराकर पेपर देते थे। पूर्व में दर्ज केस में दोनों की तलाश थी।