नगरीय प्रशासन विभाग के ई-नगर पालिका, एनएचएम की वेबसाइट समेत कई सरकारी वेबसाइट/पोर्टल पर साइबर अटैक ने सरकार की मुसीबत बढ़ा दी है। सिक्योरिटी टूल, फायर वॉल होने के बावजूद मालवेयर साइबर अटैक को रोकना चुनौती बन गया है। अब हमलों को रोकने के उपाय पर चर्चा करने के लिए गृह विभाग ने मंगलवार को मंत्रालय में बैठक बुलाई है। यह बैठक गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव की अध्यक्षता में होगी। बैठक में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के प्रमुख सचिव, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के प्रमुख सचिव और आयुक्त, राज्य साइबर पुलिस मुख्यालय के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक, एससीआरबी के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक, इंटेलीजेंस के अति पुलिस महानिदेशक, एमपीएसईडीसी स्टेट आईटी सेंटर के प्रबंध संचालक, एनआईसी के राज्य सूचना अधिकारी और स्टेट सीएसआईआरटी भोपाल के संचालक शामिल होंगे।
यह है बैठक का एजेंडा
बैठक में दिसंबर माह में साइबर अटैक की घटनाओं, साइबर अटैक के प्रकार/ प्रकृति तथा रोकथाम के उपाए, नगरीय विकास वेबसाइट पर मालवेयर अटैक, राज्य स्तर पर गठित की जा रही स्टेट सीएसआईआरटी की यथास्थिति, राज्य शासन के सभी विभागों एवं अधीन संचालित विभागाध्यक्ष कार्यालयों में सीआईएसओ (चीफ इंफर्मेशन सिक्योरिटी ऑफिसर) की नियुक्ति, विभिन्न ई-गवर्नेंस परियोजना अंतर्गत संचालित वेबसाईट/ पोर्टलों के डोमेन-नेम पंजीकरण/ साइबर सिक्योरिटी ऑडिट की प्रक्रिया तथा यथास्थिति, साइबर अटैक की स्थिति तथा साइबर अटैक के बाद उठाए जाने वाले कदम, विभिन्न ई-गवर्नेंस परियोजना अंतर्गत संचालित वेबसाइट/ पोर्टलों, नेटवर्क, हार्डवेयर इक्वीपमेंट स्तर पायी जाने वाली सामान्य कमियों की स्थिति तथा विशलेषण।
ननि की सेवाएं बहाल होने में लगेगा समय
नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के ई नगर पालिका सॉफ्टवेयर पर सायबर अटैक होने के बाद सेवाएं अब तक बहाल नहीं हो पाई है। भोपाल को छोड़ 412 नगरीय निकाय में नागरिक सेवाएं पूरी तरह ठप हैं। निगम के अधिकारियों ने बताया कि साइबर अटैक के बाद डाटा पूरी तरह रिकवर कर लिया गया है। जिसे डाउनलोड कर एप्लीकेशन में अपलोड किया जा रहा है। पूरी तरह से सेवाएं बहाल होने में अभी एक सप्ताह का समय लग सकता है। इसमें प्रॉपर्टी टैक्स और पानी के बिल की ऑनलाइन सेवाएं शुरू होने में सबसे ज्यादा समय लगेगा। इसका डॉटा बड़ा है। एक दो दिन में मैरिज सर्टिफिकेट, ट्रेड लाइसेंस समेत अन्य सिटीजन सेवाएं शुरू हो सकती हैं। इसके बाद निकाय के ऑनलाइन बिल जैसी सेवाएं शुरू होंगी। बता दें 21 दिसंबर को नगर निगम के ई-नगर पालिका सॉफ्टवेयर पर साइबर अटैक हुआ था। इसकी जांच साइबर पुलिस कर रही है।