मध्य प्रदेश में डॉ. मोहन यादव कैबिनेट ने आकार ले लिया है। सोमवार को 18 कैबिनेट मंत्रियों, छह राज्यमंत्रियों (स्वतंत्र प्रभार) और चार राज्यमंत्रियों ने पद एवं गोपनीयता की शपथ ली। इसे मिलाकर अब डॉ. मोहन यादव की कैबिनेट में उन्हें मिलाकर 31 सदस्य हो गए हैं। दो उप-मुख्यमंत्रियों- जगदीश देवड़ा और राजेंद्र शुक्ला ने मुख्यमंत्री के साथ शपथ ली थी। टीम मोहन यादव में अब भी चार पद रिक्त हैं, जो लोकसभा चुनावों के बाद भरे जा सकते हैं।
मध्य प्रदेश में डॉ. मोहन यादव की कैबिनेट में शपथ लेने वालों में ज्योतिरादित्य सिंधिया के समर्थक- तुलसी सिलावट, गोविंद सिंह राजपूत और प्रद्युमन सिंह तोमर ने भी कैबिनेट मंत्री के तौर पर शपथ ली। खास बात यह है कि शिवराज सिंह चौहान की कैबिनेट के सदस्य रहे छह मंत्रियों में से तीन मंत्री तो सिंधिया समर्थक ही हैं। उनके अलावा शिवराज सिंह चौहान की टीम के सदस्य रहे विजय शाह, विश्वास सारंग, इंदरसिंह परमार को ही डॉ. यादव कैबिनेट में मौका मिला है। शेष सभी नए चेहरे हैं।
सीएम, डिप्टी सीएम को मिलाकर मालवा-निमाड़ से 9 मंत्री
31 सदस्यीय मंत्रिमंडल में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और डिप्टी सीएम जगदीश देवड़ा समेत मालवा-निमाड़ से नौ मंत्री हो गए हैं। विंध्य से डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ला समेत तीन मंत्री हैं। उसके बाद मध्य भारत से सात, महाकौशल से पांच, ग्वालियर-चंबल से चार और बुदेलखंड से तीन मंत्री बनाए गए हैं। जातिवार देखें तो मोहन सरकार में अब 4 एससी, 5 एसटी, 11 ओबीसी और 11 सामान्य वर्ग से मंत्री बनाए गए हैं।
प्रतिमा बागरी सबसे युवा, वर्मा सबसे बुजुर्ग
डॉ. मोहन यादव के 31 सदस्यीय मंत्रिमंडल में सदस्यों की औसत उम्र 58 वर्ष है। इसमें 60 वर्ष से ज्यादा उम्र वाले 14 मंत्री हैं। सबसे बुजुर्ग करण सिंह वर्मा 68 वर्ष के हैं। इसी तरह सबसे युवा मंत्री प्रतिमा बागरी हैं, जिनकी उम्र 35 साल है।
प्रदेश में पहली बार बन रहे मंत्री
आज शपथ लेने वालों में दस मंत्री पहले भी मंत्रालय में जिम्मेदारी उठा चुके हैं। 13 विधायक ऐसे हैं जिन्हें पहली बार मंत्री बनने का मौका मिला है।
- नरेंद्र शिवाजी पटेल
- संपतिया उईके
- निर्मला भूरिया
- नागर सिंह चौहान
- चैतन्य कश्यप
- धर्मेंद्र लोधी
- दिलीप जायसवाल
- गौतम टेटवाल
- लखन पटेल
- नारायण पवार
- राधा सिंह
- प्रतिमा बागरी
- कृष्णा गौर
शिवराज सरकार के छह मंत्री
- तुलसी सिलावट
- गोविंद सिंह राजपूत
- प्रदुम्न सिंह तोमर
- विश्वास सारंग
- इंदर सिंह परमार
- विजय शाह
जो नेता पहले भी मंत्री रह चुके हैं
- तुलसी सिलावट
- गोविंद सिंह राजपूत
- एदल सिंह कंसाना
- प्रदुम्न सिंह तोमर
- नारायण सिंह कुशवाह
- विजय शाह
- करण सिंह वर्मा
- विश्वास सारंग
- इंदर सिंह परमार
- कैलाश विजयवर्गीय
रीति पाठक को जगह नहीं
मध्यप्रदेश में भाजपा ने जिन सात सांसदों को विधानसभा चुनाव में उतारा था। उनमें प्रहलाद पटेल, उदय राव सिंह, राकेश सिंह, रीति पाठक, नरेंद्र सिंह तोमर जीते थे। माना जा रहा था कि इन्हें मंत्रिमंडल में शामिल किया जाएगा। रीति पाठक को मंत्री नहीं बनाया गया है। यानी सांसद से विधायक बने पांच नेताओं में से तीन को आज शपथ दिलाई गई तो नरेंद्र सिंह तोमर विधानसभा अध्यक्ष बनाए गए हैं।