मध्य प्रदेश विधानसभा में पिछड़े वर्ग के कल्याण के लिए बड़ा फैसला किया गया है। अब यहां ओबीसी के लिए अलग समिति होगी। विधानसभा में इस समिति के गठन के लिए सभी औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हैं। संभव है कि अगले सत्र में सदस्यों का चुनाव भी कर लिया जाए।
समिति को किया गया विभाजित
अभी तक विधानसभा में अनुसूचित जाति, जनजाति व पिछड़े वर्ग के कल्याण के लिए एक ही समिति थी, लेकिन अब इस समिति को दो समितियों में विभाजित कर दिया गया है। एक समिति एससी व एसटी का काम देखेगी तो दूसरी ओबीसी का। पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री की ओर से इसके लिए विधानसभा अध्यक्ष को पत्र भी लिख दिया गया है।
प्रोटोकॉल की भी अलग समिति
विधानसभा में प्रोटोकॉल की भी अलग समिति बना दी गई है। दरअसल, विधायक लंबे समय से प्रोटोकॉल की अनदेखी की शिकायत करते रहे हैं। पहले विधायकों के प्रोटोकॉल के मामले विशेषाधिकार हनन समिति के पास जाते थे, लेकिन अब इसकी अलग समिति होगी।