मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में देर रात तक चली मंत्रिपरिषद की बैठक में कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी प्रदान की गई है। प्रदेश में विधानसभा चुनाव की जल्द ही आचार संहिता लगने वाली है। ऐसे में माना जा रहा है कि यह संभवत: मौजूदा मप्र मंत्रिपरिषद की यह अंतिम बैठक है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में संपन्न हुई बैठक में भोपाल में कमला पार्क से संत हिरदाराम नगर (बैरागढ़) तक 8 लेन का एलिवेटेड कॉरिडोर बनेगा। इसके साथ ही मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुसार सतना जिले में मैहर और छिंदवाड़ा जिले में पांढुर्णा को जिला बनाने को मंजूरी प्रदान की गई। मंत्रिपरिषद ने पांच नई तहसीलों के गठन के साथ 8 नई नगर परिषदों के गठन को भी मंजूरी प्रदान कर दी है। इसके साथ ही कर्मचारी चयन मंडल द्वारा आयोजित की जाने वाली परीक्षाओं हेतु वन टाइम परीक्षा शुल्क व रजिस्ट्रेशन और 9 कल्याण बोर्ड के गठन के प्रस्ताव को भी हरी झंडी मिल गई है। साथ ही 6000 करोड़ की 18 सिंचाई परियोजनाओं को शिवराज सरकार ने मंजूरी दी है। सिंचाई परियोजना से 2 लाख हेक्टेयर सिंचाई क्षमता बढ़ेगी। परियोजनाओं में लगभग 16 हजार करोड़ अनुमानित खर्च आएगा।
बैगा, सहरिया व भारिया जाति की महिलाओं को अब डेढ़ हजार प्रति माह मिलेंगे
मंत्रिपरिषद ने भोपाल में संचालित ग्लोबल स्किल्स के समान ग्वालियर, जबलपुर, रीवा एवं सागर में भी ग्लोबल स्किल पार्क स्थापित किए जाने की मंजूरी प्रदान करने के साथ आहार अनुदान योजना की हितग्राहियों बैगा सहारिया भारिया की बहनों को प्रतिमाह 1250 रुपए के स्थान पर 250 रुपए बढ़ाकर 1500 की वृद्धि करने, भोपाल में हाइब्रिड एन्यूटी मॉडल के अतंर्गत कमलापार्क से संत हिरदाराम नगर तक 8 लेन एलिवेटेड कॉरीडोर की मंजूरी प्रदान कर दी है। 6.71 किमी मार्ग की लागत तीन हजार 155 करोड़ आएगी।
आयुष्मान के तहत होगा इन कर्मचारियों का इलाज
प्रदेश के शासकीय कर्मचारीसंविदा कर्मियों को आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत 5 लाख तक का स्वास्थ्य सुरक्षा स्वीकृत की गई है। इसके अंतर्गत आयुष्मान के हितग्राही आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, पंचायत सचिव, ग्राम रोजगार सहायक, आशा एवं उषा कार्यकर्ता, आशा सुपरवाइजर कोटवार एवं संविदा कर्मचारी को शामिल किए जाने की स्वीकृति प्रदान की गई है। इसके साथ ही कोटवारों को सेवा मुक्त होने पर 1 लाख रुपए देने को भी हरीझंडी मिल गई है।
इन्हें बनाया जाएगा तहसील
मंत्रिपरिषद की बैठक में उज्जैन जिले में उन्हेल, बालाघाट में लामता, रायसेन में बम्होरी और सुल्तानगंज और मंदसौर में कयामपुर में नवीन तहसील सृजन के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। साथ ही मंदसौर, सीधी, शाजापुर, मंदसौर, सतना, हरदा, शहडोल जिले में 8 ग्राम पंचायत से नगरीय परिषद बनाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। पीएम मित्र योजना के अंतर्गत प्रदेश में टेक्साटाईल पार्क की स्थापना के लिए एसपीव्ही के गठन संबंधी ज्वाइंट वेंचर एग्रीमेंट मेमोरेण्डम तथा आर्टीकल्स ऑफ एसोसिएशन प्रारूप के अनुमोदन को भी मंजूरी दे दी। इसके अलावा
वहीं, कोटवार को सेवानिवृत्त होने पर एक लाख रुपए देने, सहाकरिता विभाग की पांच हजार सोसायटियों को सरकार की तरफ अनुदान देने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई। वहीं, सरकार ने शासकीय स्कूलों में प्रथम आने वाले छात्र-छात्राओं को स्कूटी देने के नियम में सरलीकरण किया है। अब छात्र-छात्राएं अपनी मर्जी से स्कूटी खरीद सकेंगे। शहीद हुए वन कर्मियों को शहीद घोषित करते हुए आश्रितों को 10 लाख रुपए से बढ़ाकर 25 लाख रुपए की विशेष अनुगृह राशि देने का प्रस्ताव पास किया गया है।
इन सिंचाई परियोजनाओं को मिली मंजूरी
- आगर मालवा जिले की आहू मध्यम परियोजना
- उज्जैन जिले की चितावाद वृहद सिंचाई परियोजना
- नर्मदापुरम जिले की देवरी माइक्रो सिंचाई परियोजना
- बालाघाट जिले की बागली पाठ माइक्रो सिंचाई परियोजना
- बैतूल जिले की शीतल झिरी मध्यम सिंचाई परियोजना
- मंदसौर जिले की मल्हारगढ़ सूक्ष्म सिंचाई परियोजना
- बैतूल जिले की मेंढ़ा सिंचाई परियोजना
- गुना जिले की पन्हेटी सिंचाई परियोजना
- रीवा जिले की लोनी माइक्रो उद्वहन सिंचाई परियोजना
- कटनी जिले की खाम्हा लिफ्ट परियोजना
- शिवपुरी जिले की सोनपुर सिंचाई परियोजना
- डिंडोरी जिले की मुर्गी पाइप सिंचाई परियोजना
- शिवपुरी जिले की पापा सिंचाई परियोजना,
- रीवा जिले की सिरमौर माइक्रो उद्वहन सिंचाई परियोजना
इन कल्याण बोर्ड के गठन की स्वीकृति
- मध्यप्रदेश विश्वकर्मा कल्याण बोर्ड
- मध्यप्रदेश रजक कल्याण बोर्ड
- मध्यप्रदेश स्वर्णकला कल्याण बोर्ड
- मध्यप्रदेश तेलघानी बोर्ड
- मध्य प्रदेश कुश कल्याण बोर्ड
- मध्यप्रदेश वीर तेजाजी कल्याण बोर्ड
- मध्यप्रदेश महाराणा प्रताप कल्याण बोर्ड
- जय मीनेश कल्याण बोर्ड
- मां पूरी बाई कीर कल्याण बोर्ड