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Bhopal: जेपी में शुरू हुई MRI जांच,न्यूरो और गैस्ट्रो डॉक्टर का अभाव, 9 दिन में केवल 69 जांच,रोज 80 की क्षमता

Fri, 17 Jan 2025 07:50 PM IST
संदीप तिवारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

जेपी अस्पताल में MRI की जांच शुरू हुए 9 दिन हो गए हैं। अभी तक केवल 69 मरीजों की जांच की गई है। जबकि हर दिन 80 मरीजों की जांच हो सकती है। अस्पताल में न्यूरोसर्जन और गैस्ट्रोएंटरोलॉजी डॉक्टर नहीं यही वजह है कि जांच कराने वाले मरीज कम पहुंच रहे हैं।
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जेपी अस्पातल में लगी एमआरआई मशीन - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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राजधानी भोपाल के जिला अस्पताल जेपी में 1.5 टेस्ला यूएमआर 580 एमआरआई मशीन स्थापित की गई है, जो नवीनतम तकनीक से लैस है। यह मशीन तीव्र एवं सटीक स्कैनिंग करने में सक्षम है, जिससे मरीजों को अधिक कुशल उपचार मिल सकेगा। जांच शुरू हुए 9 दिन हो गया है। लेकिन अभी तक केवल 69 मरीजों की जांच की गई है। जबिक इस मशीन में हर दिन 80 लोगों की जांच करने की क्षमता है। जेपी अस्पताल में न्यूरोसर्जन और गैस्ट्रोएंटरोलॉजी विभाग के डॉक्टर नहीं हैं यही वजह है कि जांच कराने वाले मरीज नहीं पहुंच रहे हैं।
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दूसरे सरकारी अस्पतालों में 10 से 15 दिन की वेटिंग
भोपाल के हमीदिया और एम्स में एमआरआई जांच के लिए मरीजों को 10 से 15 दिन तक इंतजार करना पड़ता है और जेपी अस्पताल में मरीज ही नहीं पहुंच रहे हैं। जब इसकी पड़ता की गई तो पता चला कि एमआरआई की जांच सबसे ज्यादा न्यूरोसर्जन (नसों से संबंधित) और गैस्ट्रोएंटरोलॉजी (पेट से संबंधित) डॉक्टर लिखते हैं और जेपी अस्पताल में दो ही विभागों के डॉक्टर नहीं है। यही कारण है कि एमआरआई जांच कराने वाले मरीजों की संख्या काफी कम पहुंच रही है।  

साढ़े दस करोड़ आई लागत
जेपी अस्पताल में एमआरआई सेंटर 10.5 करोड़ रुपये की लागत से स्थापित किया गया है। इस राशि में भवन निर्माण, उपकरण खरीद और तकनीकी उन्नयन शामिल हैं। केंद्र में स्थापित 1.5 टेस्ला यूएमआर 580 एमआरआई मशीन नवीनतम तकनीक से लैस है, जो मरीजों को तेज और सटीक परिणाम प्रदान करेगी। इसके अलावा, यह मशीन ऊर्जा दक्षता भी सुनिश्चित करती है, जिससे अस्पताल में ऊर्जा की बचत होती है।
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