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Bhopal News: सेंट्रल जेल के बाद अब आरजीपीवी में भी मिला ड्रोन, जेल में मिला ड्रोन डॉक्टर का निकला

Fri, 10 Jan 2025 06:49 PM IST
दिनेश शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

भोपाल की सेंट्रल जेल और आरजीपीवी कैंपस में दो दिन में दो ड्रोन बरामद हुए। जेल में मिला ड्रोन डॉक्टर स्वप्निल जैन का निकला, जो उड़ाने के दौरान संपर्क टूटने से गायब हो गया था। आरजीपीवी का ड्रोन खिलौना जैसा है। दोनों ड्रोन की फोरेंसिक जांच की जा रही है। 
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भोपाल की जेल में ड्रोन कैमरा मिलने से हड़कंप मच गया था। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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राजधानी भोपाल की सेंट्रल जेल के बाद दूसरे दिन आरजीपीवी कैंपस से भी एक ड्रोन बरामद किया गया है। यह ड्रोन एक पेड़ पर अटका हुआ था, जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया है। इधर जेल में मिला ड्रोन एक डॉक्टर का निकाला है, जिसे उन्होंने बेटे के लिए दिल्ली से खरीदा था। इस ड्रोन का रिमोट और कागजात लेकर वह गुरुवार को जेल परिसर पहुंचे और अधिकारियों को जानकारी दी। 
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डॉक्टर ने बताया कि बीती 31 दिसंबर को ड्रोन उड़ाते समय संपर्क टूट जाने से वह गायब हो गया था। जानकारी के अनुसार बुधवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे सेंट्रल जेल स्थित हाई सिक्योरिटी वाले ब खंड के पास एक ड्रोन मिला था। यह ड्रोन पास ही निर्माणाधीन नई बैरिक के लिए खोदे गए गड्ढे के पास पड़ा था। ड्रोन मिलने के बाद जेल की सुरक्षा को लेकर हड़कंप मच गया था। गुरुवार को पुलिस कमिश्नर हरिनारायण चारी मिश्र ने जेल परिसर का निरीक्षण किया और सुरक्षा को लेकर आवश्यक दिशा निर्देश दिए। जहां ड्रोन बरामद हुआ है, उसके पास वॉच टॉवर पर रायफन सहित सुरक्षाकर्मी तैनात किया जाएगा।

दिल्ली से खरीदा गया था ड्रोन 
गुरुवार को जेल परिसर में ड्रोन मिलने का समाचार प्रकाशित होने के बाद डॉक्टर स्वप्निल जैन जेल पहुंचे। उन्होंने अधिकारियों को बताया कि वह महावीर मेडिकल कालेज में प्रोफेसर हैं और द्वारिका धाम में रहते हैं। उन्होंने अपने बेटे के लिए दिल्ली से यह ड्रोन खरीदा था। बीती 31 दिसंबर को आईटी पार्क से यह ड्रोन उड़ाया जा रहा था, लेकिन ऊंचाई ज्यादा होने के कारण संपर्क टूट गया और ड्रोन गायब हो गया था। उन्होंने ड्रोन का रिमोट भी अधिकारियों को दिया। अधिकारियों ने जब चैक किया तो वह रिमोट उसी ड्रोन का निकला। डॉक्टर ने ड्रोन खरीदने के कागजात भी प्रस्तुत किए हैं, लेकिन पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ड्रोन की फोरेंसिक जांच कराई जाएगी। इधर गुरुवार को गांधी नगर पुलिस जेल में मिले ड्रोन की जांच पड़ताल कर रही थी। 
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टीम जब आरजीपीवी कैंपस पहुंची तो वहां भी एक पेड़ पर ड्रोन अटका हुआ मिला। यह ड्रोन जेल में मिले ड्रोन से बिल्कुल अलग है। हालांकि उसके अंदर कोई मेमोरी कार्ड अथवा संदिग्ध रिकार्डिंग नहीं मिली है। यह ड्रोन किसका है, इसको लेकर इलाके में एनाउंसमेंट करवाया गया है। प्रारंभिक पड़ताल में यह ड्रोन भी खिलौना जैसा लग रहा है, लेकिन इसकी भी तकनीकी और फोरेंसिक जांच करवाई जा रही है।
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