पुलिस के मुताबिक पिछले सप्ताह जेल रोड स्थित मेपल ट्री परिसर में दो दिनों के भीतर एक साथ तीन घरों के दिनदहाड़े ताले तोड़कर चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया गया था। तीनों मामलों में केस दर्ज करने के बाद पुलिस ने जब घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज चैक किए तो एक व्यक्ति की पहचान नयाज उर्फ नियाज निवाीस बैंगलोर कर्नाटक के रूप में हुई।
आरोपी के बारे में कोई खास जानकारी और संपर्क नंबर नहीं मिला तो पुलिस ने जेल प्रबंधन से संपर्क किया। यहां पता चला कि जेल में बंद रहने के दौरान नयाज से मिलने के लिए आष्टा निवासी आबिद नामक युवक अक्सर आया करता था। पुलिस ने जब आबिद को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो बताया कि कुछ समय पहले उसने नयाज और राजू से नकबजनी के कुछ जेवरात बेचने के लिए लिए थे। उसके बाद पुलिस ने राजू को हिरासत में लिया और दोनों की निशानदेही पर मुख्य आरोपी नयाज को पकड़ लिया।
चार नकबजनी और दो वाहन चोरी का खुलासा
आरोपियों के कब्जे से गांधी नगर में एक साथ हुई तीन और तलैया इलाके में दिनदहाड़े हुई एक नकबजनी तथा कोलार इलाके से वाहन चोरी की दो घटनाओं का खुलासा हुआ। तीनों के कब्जे से सोने-चांदी के जेवरात, लैपटाप, घड़ी, नकदी और वाहन समेत कुल 7 लाख रुपये का माल बरामद किया गया है।
पकड़े गए आरोपियों का विवरण
पुलिस ने इस मामले में आरोपी नयाज उर्फ नियाज (42) निवासी शिवाजी नगर, तिमैया थाना खलपाड़ा बैंगलोर कर्नाटक, राजू खत्री (52) निवासी बरेला गांव लालघाटी कोहेफिजा और आबिद खान (47) निवासी कटाबाग रिलायंस पेट्रोल पंप के सामने थाना आष्टा सीहोर बताया गया है। मुख्य आरोपी नियाज उर्फ नयाज बैंगलोर से फ्लाइट से भोपाल आता और दिनदहाड़े वारदातों को अंजाम देकर वापस लौट जाता था। बाकी दोनों साथी चोरी के माल को ठिकाने लगाने के कारण करते थे। पुलिस से बचने के लिए मुख्य आरोपी मोबाइल फोन का इस्तेमाल नहीं करता है।