आईएएस तरुण पिथोड़े की बुक पर चर्चा
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मध्य प्रदेश के आईएएस अफसर और नागरिक आपूर्ति निगम के मैनेजिंग डायरेक्टर तरुण कुमार पिथोड़े की किताब द बैटल अगेंस्ट कोविड पर मंगलवार को चर्चा का आयोजन किया गया। इस दौरान पिथोड़े ने कहा कि उन्होंने बुकट्रेल मुहिम शुरू की है। वह अपने शेल्फ में रखी 3 हजार किताबें इस मुहिम में गिफ्ट करेंगे।
चार इमली स्थित आईएएस ऑफिसर्स मेस में पिथोड़े की किताब द बैटल अगेंस्ट कोविड पर पैनल डिस्कशन किया गया। पिथोड़े ने कहा कि आज से वे एक मुहिम #बुकट्रेल शुरू कर रहे हैं, जिसका उद्देश्य किताबों को शेल्फ में रखने के बजाय आगे बढ़ाते रहना है। अक्सर हम कोई भी किताब पढ़ने के बाद उसे शेल्फ में रख देते हैं जबकि हमें उस किताब पर पढ़ने के बाद तारीख लिखकर उसे दूसरे को गिफ्ट कर देना चाहिए। मैं मेरे शेल्फ में रखी 3 हजार किताबों को दूसरों को गिफ्ट देकर इस मुहिम की शुरुआत कर रहा हूं।
क्लब लिटराटी की ओर से आयोजित कार्यक्रम में बुक डिस्कशन सेशन को सोफिया फारूकी वली ने मॉडरेट किया। तरुण पिथोड़े द्वारा लिखित 250 पेज की इस किताब में देश के विभिन्न शहरों में पदस्थ आईएएस ऑफिसर्स के कोरोना काल के अनुभवों को साझा किया है। इस किताब का पब्लिकेशन ब्लूम्सबैरी ने किया है।
सभी लोगों की मदद से संसार चलता है
तरुण पिथोड़े ने इस किताब के माध्यम से यह बताया है कि हम सभी लोगों की मदद से यह संसार चलता है। कोविड की लड़ाई तो केवल एक मुद्दा था जिसने हमें यह अहसास कराया कि यह जीवन एक-दूसरे की मदद से चल रहा है। बुक डिस्कशन की शुरुआत आईएएस निशांत वरवड़े के व्हाट्सएप डीपी पर सिविलाइजेशन प्रदर्शित करते मैसेज से हुआ। यह तस्वीर कहती है कि सिविलाइजेशन की शुरुआत एक-दूसरे की मदद और सहयोग के कारण हुई।