राधा स्वामी सत्संग परिसर में तैयार बेड...
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मध्यप्रदेश के 44 जिलों में कोरोना की लहर बहुत घातक हो चुकी है। इन जिलों से आने वाली तस्वीर काफी डरावनी हैं। यहां हर दिन 13.4 फीसदी की रफ्तार से मिल रहे संक्रमण के मामले नए रिकॉर्ड बना रहे हैं। लेकिन यह खबर आपको सुकून दे सकती है।
इंदौर में बढ़ते कोरोना संक्रमण के उपचार के लिए राधा स्वामी सत्संग परिसर में लगभग 2000 बेड की व्यवस्था है, जल्दी ही इंदौर को कोरोना से लड़ने में सहायता मिलेगी। अब कह सकते हैं कि कोरोना हारेगा- इंदौर जीतेगा।
इंदौर में बढ़ाया गया है लॉकडाउन
इंदौर के कलेक्टर मनीष सिंह ने बताया कि अस्पतालों में बेड की कमी को देखते हुए लॉकडाउन को सात दिन के लिए बढ़ाया जा रहा है। यह ठीक वैसा ही रहेगा जैसा पिछला हफ्ता बीता है। अतिरिक्त सख्ती नहीं की जाएगी।
कलेक्टर ने बताया कि जामनगर रिफाइनरी से इंदौर के लिए ऑक्सीजन की विशेष खेप रवाना हो चुकी है। यह शनिवार रात या रविवार सुबह तक इंदौर पहुंच जाएगी। सूबे में कोरोना से सबसे ज्यादा प्रभावित जिला इंदौर है। यहां की स्थिति इतनी खराब है कि अस्पतालों में बेड और ऑक्सीजन की भारी किल्लत है।ऑक्सीजन के अभाव में मरीज वाहन में बैठकर इंतजार कर रहे हैं।
इंदौर के जिलाधिकारी मनीष सिंह ने कहा कि शहर में कोरोना मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। बीते दो सप्ताह में नए मामलों में 79 फीसदी उछाल आया है। आदेश में कहा गया है कि वर्तमान में स्थानीय अस्पतालों में 7,000 बिस्तरों की व्यवस्था के बावजूद कोविड-19 के मरीजों को बिस्तर मिलने में समस्या हो रही है।
प्रशासन के आदेश के मुताबिक कोरोना कर्फ्यू के दौरान आम लोग निर्धारित अवधि में फल-सब्जी, दूध और किराना खरीद सकेंगे। स्वास्थ्य विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि इंदौर जिले में 24 मार्च 2020 से लेकर अब तक महामारी के कुल 87,625 मरीज मिले हैं। इनमें से 1,040 लोगों की इलाज के दौरान मौत हो चुकी है।