लखनऊ। आलमबाग के बड़ा बरहा मोहल्ले में मंगलवार सुबह कैब चालक ने पारिवारिक विवाद के चलते लोहे की रॉड से वार कर पत्नी की हत्या कर दी। इसके बाद उसने खुद ही 112 नंबर पर फोन कर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया। कोरोना जांच में आरोपी पॉजिटिव निकला तो पुलिस ने उसे क्वारंटीन कर दिया।
सआदतगंज थाना क्षेत्र के मोअज्जम नगर निवासी रामआसरे यादव लेसा के सेवानिवृत्त कर्मचारी हैं। उन्होंने अपनी बेटी मीरा यादव उर्फ राधिका (32) की शादी नौ मार्च 2009 को मड़ियांव के घैला स्थित अल्लू नगर निवासी सुशील यादव से की थी। सुशील आलमबाग के बड़ा बरहा में रहकर कैब चलाता है। आए दिन उसका पत्नी से विवाद होता था। मंगलवार सुबह भी विवाद होने पर सुशील ने मीरा को जमकर पीटने के बाद लोहे की रॉड से वार कर हत्या कर दी। फिर खुद ही 112 नंबर पर फोन करके पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पीआरवी टीम ने सुशील को हिरासत में लेकर आलमबाग पुलिस के हवाले कर दिया। एसीपी आलमबाग अनिरुद्ध विक्रम सिंह ने बताया कि आरोपी सुशील को हिरासत में लेकर मेडिकल कराया गया तो वह कोरोना पॉजिटिव निकला। उसे क्वारंटीन किया गया है। आलमबाग इंस्पेक्टर अनिल सिंह ने बताया कि मृतका की मां शोभावती यादव की तहरीर पर आरोपी सुशील यादव के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
तीन दिन में कई बार आई पुलिस
मृतका मीरा के मोहल्ले के लोगों का कहना है कि तीन दिन से पति-पत्नी में झगड़ा हो रहा था। मीरा ने कई बार 112 नंबर पर फोन किया। हर बार पुलिसकर्मी आकर दोनों को समझाकर लौट जाते थे। मोहल्ले वालों का कहना है कि पुलिस ने यदि कोई कार्रवाई की होती तो शायद वारदात न होती। वहीं, मीरा की मां शोभावती के मुताबिक, छह माह पहले उनके बेटे दयाशंकर की मौत हो गई थी जिसके बाद से सुशील उनकी बहू को बहला-फुसलाकर घुमाने लगा था। इसी बात को लेकर मीरा का पति से झगड़ा शुरू हुआ था।
पत्नी ने सुशील पर दर्ज कराया था केस
मृतका की बहन शिवानी यादव ने बताया कि सुशील शादी के बाद से ही मीरा को परेशान कर रहा था। मीरा ने सुशील के खिलाफ केस दर्ज कराया था। करीब पांच साल मायके में रहने के बाद कोर्ट में समझौते के बाद मीरा ससुराल गई थी। शिवानी का आरोप है कि मीरा के बच्चे नहीं होने के कारण भी सुशील उसे परेशान करता था। मीरा की मां शोभावती का आरोप है कि उनके ससुर मेवालाल ने अपनी जमीन बेची थी। इस पर सुशील ने उन्हें बहलाकर कार खरीदने के लिए पैसे ले लिए थे। शोभावती की सास रामकली से भी सुशील ने मकान बनवाने के लिए ढाई लाख रुपये लिए थे।