उत्तर प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ के गुजर जाने के बाद पिछले दो दिनों से तेज रफ्तार पछुआ हवाएं चल रही हैं। मंगलवार को इन हवाओं की रफ्तार 40 किलोमीटर प्रति घंटा को भी पार कर गई। मौसम विभाग के मुताबिक प्रदेश भर में चल रही ये तेज रफ्तार उत्तरी पछुआ हवाएं बृहस्पतिवार तक जारी रहने वाली हैं। इसके असर से तापमान में हल्की गिरावट देखने को मिलेगी।
मंगलवार और बुधवार को इन उत्तरी पछुआ हवाओं की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक चले जाने का अनुमान है। इन हवाओं के असर से दोपहर में होने वाली धूप की तल्खी मद्धिम हुई।
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र लखनऊ के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि बृहस्पतिवार के बाद हवाओं की रफ्तार थमने से दिन में धूप की तपिश में तेजी आएगी साथ ही पारे में उछाल देखने को मिलेगा।
सोमवार को प्रदेश के 12 जिलों में दिन का तापमान 30 डिग्री सेल्सियस को पार कर गया। 31.9 डिग्री सेल्सियस तापमान के साथ वाराणसी सबसे गर्म रहा तो वही 31.4 डिग्री सेल्सियस तापमान के साथ कानपुर दूसरे नंबर पर रहा।
ताजा पानी लगी फसलों को तेज रफ्तार हवाओं से हो सकता है नुकसान
वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि इन तेज पछुआ हवाओं से ऐसे तो कोई विशेष नुकसान नहीं होने वाला है, जिन तैयार मौसमी फसलों में ताजा पानी लगाया गया है। उन्हें इन तेज हवाओं से थोड़े-बहुत नुकसान से इनकार नहीं किया सकता।