कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा
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राज्य महिला आयोग ने कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा की ओर से सोशल मीडिया पर जारी पोस्ट का संज्ञान लेते हुए उन्हें नोटिस जारी किया है। आयोग की अध्यक्ष विमला बाथम ने नोटिस में कहा है कि प्रियंका ने राजकीय बाल गृह (बालिका) कानपुर नगर की बालिकाओं के गर्भधारण संबंधी संवेदनशील विषय पर सही तथ्यों की जानकारी किए बगैर गैर जिम्मेदराना तरीके से वक्तव्य दिया है। यह बालिकाओं की अस्मिता को ठेस पहुंचाने वाला व उनकी निजता को प्रभावित करने वाला है।
पोस्ट में प्रियंका ने इसे पूर्व में अन्य बालिका गृहों में घटित घटनाओं से जोड़ा है जो सुनियोजित तरीके से बालिकाओं की भावनाओं एवं आत्मसम्मान को ठेस पहुंचाने का शर्मनाक प्रयास है। प्रियंका ने महिला होते हुए भी यौन हिंसा की पीड़ित बालिकाओं के विषय में बालिका गृह में अमानवीय घटना घटित होने व एक को एड्स पॉजिटिव होने का वक्तव्य जारी किया, जबकि किसी भी बालिका का एड्स पॉजिटिव होना नहीं पाया गया है।
बाथम ने कहा कि इस प्रकार के भ्रामक पोस्ट से पूरे समाज में गलत संदेश प्रसारित हुआ है। आयोग भविष्य में बिना वास्तविक तथ्यों की सही जानकारी के महिलाओं के विषय में सामाजिक टिप्पणी की पुनरावृत्ति न किए जाने के लिए प्रियंका गांधी को सचेत करते हुए अपेक्षा करता है कि वह संबंधित पोस्ट का जनहित में खंडन करें। इससे पहले राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग भी प्रियंका को नोटिस जारी कर चुका है।