बेहतर होगा पढ़ाई का माहौल।
उच्च शिक्षा मंत्री ने बताया कि प्रदेश को दस खरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने में शिक्षा क्षेत्र का बड़ा योगदान होगा। इसे देखते हुए शिक्षा क्षेत्र को बाकायदा इंडस्ट्री के तौर पर वर्गीकृत किया गया है। इसको बढ़ावा देने के लिए उच्च शिक्षा प्रोत्साहन नीति-2024 लाई गई है। प्रदेश को विश्वस्तरीय गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने का हब बनाया जाएगा।
आकांक्षात्मक जिलों में खुलेंगे विवि
उच्च शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव एमपी अग्रवाल ने बताया कि जहां विश्वविद्यालय नहीं हैं, विशेष तौर पर आकांक्षात्मक जिलों में 42 विश्वविद्यालयों व टॉप शैक्षिक संस्थान की स्थापना होगी। इन्हें बहुविषयक शिक्षा और अनुसंधान विश्वविद्यालय (एमईआरयू) के तौर पर विकसित किया जाएगा। एनआईआरएफ टॉप-50 रैंकिंग वाले तथा विदेशी विश्वविद्यालयों की स्थापना के लिए स्टांप ड्यूटी में छूट, पूंजीगत अनुदान समेत कई और सुविधाएं भी दी जाएंगी।