कंपकंपी, ठिठुरन से जूझते राजधानी के लोगों पर सर्दी सितम ढाह रही है। कोहरा कभी कम तो कभी ज्यादा अभी छाया हुआ है। हालांकि दिन व रात के तापमान में बुधवार को थोड़ी बढ़ोतरी हुई, लेकिन धूप न निकलने के कारण गलन कम नहीं हुई। वहीं मौसम विज्ञानी ने पारा गिरने के आसार जताए हैं। इसके अलावा मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनी और डरा रही है। इसके मुताबिक, लखनऊ अभी 21 जनवरी तक ऑरेंज व येलो अलर्ट जोन में ही बना हुआ है, यानी बृहस्पतिवार और शुक्रवार को घना कोहरा और सीवियर कोल्ड डे के आसार बने हुए हैं।
हवाओं की चाल सामान्य थी। 10 किमी के आसपास की गति से चल रही हवाओं का गलन बढ़ाने में कोई योगदान नहीं था, लेकिन दिन भर छाई रही बदली ने धूप को खिलने नहीं दिया। वरिष्ठ भू-वैज्ञानिक डॉ. सीएम नौटियाल कहते हैं कि धूप न खिलने से गलन बढ़ी। वहीं रात को बादलों के घिरे रहने के कारण रात का तापमान भी बढ़ा। चूंकि बुधवार को धूप नहीं खिल सकी, इसलिए फिर न्यूनतम पारा गिरेगा।
मौसम बुलेटिन केमुताबिक, दिन का अधिकतम तापमान 14.6 डिग्री (सामान्य से 7 डिग्री कम)और न्यूनतम तापमान 8.1 डिग्री यानी सामान्य से .6 डिग्री अधिक रहा। एक दिन पहले यानी मंगलवार को तापमान 12.2 और न्यूनतम 4.5 डिग्री दर्ज हुआ था। अथ्यधिक ठंडे दिन होने की चेतावनी केबीत मौसम विभाग ने लखनऊ केलोगों को चेताया है। साथ ही कोल्ड डे कंडीशन सक्रिय होने की बा कही है। इसके अलावा कोहरे का संकट बरकारार है।
ऊनी कपड़ों में ढके-छिपेनजर आए लोग
सड़कों पर जिधर भी गुजर जाएं लोग ऊपर से नीचे तक ऊनी कपड़ों में नजर आए। मफलर, जैकेट, स्वेटर में पूरी तरह से पैक थे। वहीं कुछ समय तक पहले ऊनी कपड़ों की खरीदारी को स्थगित कर चुके लोग फिर शो रूम पहुंचने लगे हैं।
30 फीसदी तक बढ़ गई रूमहीटर, ब्लोअर की बिक्री
कारोबारी दिनेश जैन कहते हैं कि बीते तीन दिनों में रूम हीटर, ब्लोअर आदि की बिक्री में 20-30 फीसदी की वृद्धि हुई है। वहीं आलमारी में बंद हीटर व ब्लोअर भी लोगों ने निकाल लिए हैं। हजरतगंज निवासी मोना कहती हैं कि सोमवार तक लग रहा था कि इस बार हीटर -ब्लोअर के बिना काम चल जाएगा। मंगलवार को जिस तरह से गलन बढ़ी, उससे उपकरण निकालने पड़े।