यूपी के 800 सरकारी और 1000 निजी अस्पतालों में राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना (आरएसबीवाई) के तहत 30 हजार रुपये तक का मुफ्त इलाज होगा। इस योजना में 1800 बीमारियों के पैकेज दिए जाएंगे। इनमें 30 हजार रुपये से अधिक मूल्य के 516 पैकेज शामिल हैं।
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने बृहस्पतिवार को आरएसबीवाई के क्रियान्वयन के लिए विकसित किए गए सॉफ्टवेयर की जानकारी देने के लिए आयोजित कार्यशाला में यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि अंतिम पायदान पर बैठे व्यक्ति के बेहतर व नि:शुल्क इलाज के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना के सीईओ आलोक कुमार मित्रा ने बताया कि मोबाइल एप से लाभार्थियों को उपलब्ध कराई जाने वाली सुविधाओं पर नजर रखना संभव हो गया है। इस मौके पर कॉल सेंटर के माध्यम से लाभार्थियों की चिकित्सालय में भर्ती के दौरान व डिस्चार्ज के बाद वेलनेस चेक की सुविधा की जानकारी भी दी गई।
वरिष्ठ नागरिकों को अतिरिक्त चिकित्सा बीमा
डेमो
बताया गया कि लाभार्थी मोबाइल एप के जरिए अपने स्मार्ट कार्ड में बची राशि, परिवार के नामांकित सदस्य, अनुबंधित चिकित्सालयों की सूची पता कर सकते हैं। वहीं, सोशल ऑडिटर एप, इंटर्न एप, एफकेओ एप और डिस्ट्रिक्ट कोऑर्डिनेटर एप से योजना की गतिविधियों की रियल टाइम मॉनिटरिंग व गुणवत्तापूर्ण संचालन किया जा सक ता है।
इस मौके पर प्रमुख सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य प्रशांत त्रिवेदी, इंश्योरेंस कंपनियों व टीपीए के प्रतिनिधियों के साथ ही स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं के प्रतिनिधि मौजूद थे। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि आरएसबीवाई के तहत चयनित परिवारों के प्रत्येक वरिष्ठ नागरिक को 30 हजार रुपये की अतिरिक्त चिकित्सा बीमा की सुविधा दी जाएगी। इसमें वृद्धावस्था की बीमारियों से संबंधित विशेष मेडिकल, सर्जिकल पैकेज भी शामिल किए गए हैं।