समाज कल्याण विभाग ने रविवार को 7.94 लाख और विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति के साथ शुल्क की भरपाई की। ये छात्र सामान्य और अनुसूचित जाति के हैं। डीबीटी के माध्यम से इन छात्रों के खातों में राशि भेजी गई है। चालू वित्त वर्ष में अब तक इन दोनों वर्गों के 17.34 लाख छात्रों को भुगतान हो चुका है। ये भुगतान दशमोत्तर छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति योजना के तहत किया गया है।
समाज कल्याण विभाग के अनुसार, तीसरे और अंतिम चरण में सामान्य वर्ग के 2.99 लाख विद्यार्थियों के खातों में 300 करोड़ भेजे गए हैं। इससे पहले दिसंबर तक सामान्य वर्ग के 2.65 लाख छात्रों को 270 करोड़ का भुगतान किया जा चुका है। अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों के खातों में 40 प्रतिशत राशि राज्य सरकार और 60 प्रतिशत राशि केंद्र सरकार भेजती है।
राज्य सरकार के अपना शेयर देते ही केंद्र भी ऑनलाइन अपना हिस्सा दे देता है। एससी वर्ग के 4.95 लाख विद्यार्थियों को राज्यांश के रूप में 262 करोड़ रुपये भेज दिया गया। इससे पहले दो चरणों में एससी वर्ग के 6.95 लाख छात्रों को भुगतान हो चुका है। इस तरह से चालू वित्त वर्ष में एससी वर्ग के कुल 11.7 लाख छात्रों को भुगतान हो चुका है। विभाग का कहना है कि तीसरे चरण में पीएफएमएस के माध्यम से भुगतान के लिए पिछले दो दिनों में ट्रेजरी में बिल लगाए जा चुके हैं। कई छात्रों के खातों में राशि पहुंच चुकी है, जिनके खातों में नहीं पहुंची है, एक-दो दिन में राशि दिख जाएगी।