पिछली विधानसभा में चार या इससे अधिक बार चुनकर आए विधायकों में से 27 फिर इस बार चुने गए हैं। ये पांच या इससे अधिक बार चुने जाने वाले विधायकों में शामिल हो गए हैं। इनमें सुरेश कुमार खन्ना, आजम खां और दुर्गा प्रसाद जैसे चेहरे मुख्य हैं।
पूर्व मंत्री आजम खां 10 वीं बार विधानसभा के लिए चुने गए हैं। संसदीय कार्यमंत्री सुरेश कुमार खन्ना व पूर्व मंत्री दुर्गा प्रसाद यादव नौवीं बार सदन की शोभा बढ़ाएंगे।
आठवीं बार जीतने वालों में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री जय प्रताप सिंह, औद्योगिक विकास मंत्री सतीश महाना, समाज कल्याण मंत्री रमापति शास्त्री व हरदोई के बालामऊ से विधायक रामपाल वर्मा शामिल हैं। रमापति सदन में संभवत: सबसे पुराने विधायक होंगे।
शिवपाल, राम अचल व लालजी छठी चुनेे
छठी बार चुन कर आने वालों में जसवंतनगर इटावा से प्रसपा अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव, अंबेडकरनगर के अकबरपुर से पूर्व मंत्री राम अचल राजभर व कटेहरी से पूर्व मंत्री लालजी वर्मा, अमरोहा से पूर्व मंत्री महबूब अली तथा पुवायां-शाहजहांपुर से चेतराम शामिल हैं।
राजा भइया, फतेह बहादुर, इकबाल सातवीं बार
सदन में सातवीं बार चुन कर आने वालों में जनसत्ता दल के मुखिया व पूर्व मंत्री रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भइया, पूर्व मंत्री फतेहपुर बहादुर सिंह तथा पूर्व मंत्री इकबाल महमूद शामिल हैं।
पिछले चुनाव में छठी बार चुने गए फागू चौहान बिहार के राज्यपाल हैं। गोंडा के कर्नलगंज से विधायक अजय प्रताप सिंह उर्फ लल्ला भइया तथा पूर्व वित्त मंत्री राजेश अग्रवाल (बरेली) का टिकट कट गया जबकि सपा के महमूदाबाद से विधायक नरेंद्र वर्मा चुनाव हार गए।