सबसे ज्यादा मामले रोड एक्सीडेंट के थे।
रंगों के त्योहार होली पर 108 एंबुलेंस ने 12 हजार से अधिक लोगों को अस्पताल पहुंचाया। लखनऊ से ज्यादा हरदोई में एंबुलेंस की जरूरत पड़ी। होली पर हादसे बढ़ने की आशंका को देखते हुए सभी एंबुलेंस को अलर्ट तक रखा गया था। संवेदनशील स्थानों, थानों के नजदीक व अन्य चिन्हित स्थानों में एंबुलेंस को तैनात किया गया था। मारपीट-झगडे़ व हादसे के अलावा स्वास्थ्य संबंधी समस्या के लिए भी 108 एम्बुलेंस सेवा को बुलाया गया। होली के दिन कुल 12331 लोगों को इमरजेंसी एंबुलेंस सेवा दी जरूरत पड़ी। इनमें हरदोई में सर्वाधिक 353, लखनऊ में 344, लखीमपुर खीरी में 325, सीतापुर में 289, बाराबंकी में 278 लोगों को एंबुलेंस से अस्पताल पहुंचाया गया।
सड़क हादसे के सर्वाधिक केस
होली के दिन कुल 12331 इमरजेंसी के मामलों में 1350 केस सड़क दुर्घटना के थे। इसके अलावा अन्य प्रकार के हादसों (नान वेहिकुलर ट्रामा) के 2282 मामलों में घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। मालूम हो कि 108 सेवा के तहत उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिलों में वर्तमान में 2200 नि:शुल्क एम्बुलेंस संचालित हो रही हैं।