सामान्य वर्ग के शत-प्रतिशत पात्र छात्रों को इस बार छात्रवृत्ति केसाथ शुल्क भरपाई हो सकेगी। इसके लिए समाज कल्याण निदेशालय ने अनुपूरक बजट में 425 करोड़ रुपये और मांगे हैं। इससे सामान्य वर्ग के करीब 10 लाख छात्र लाभांवित होंगे।
अभी तक सामान्य वर्ग के 10 लाख 83 हजार 743 छात्र ऑनलाइन आवेदन कर चुके हैं। इनमें से 9 लाख 36 हजार 611 विद्यार्थियों का आवेदन शिक्षण संस्थानों के स्तर से अग्रसारित भी कर दिए गए हैं। आवेदन की अंतिम तिथि 10 जनवरी है। इसलिए आवेदनकर्ताओं की संख्या और भी बढ़ेगी।
चालू वित्त वर्ष में दशमोत्तर छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति मद के लिए मूल बजट में 400 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इस राशि से करीब पांच लाख छात्रों को ही योजना का लाभ मिल सकता है। समाज कल्याण विभाग के अधिकारियों का कहना है कि डाटा की स्क्रीनिंग के बाद इस वर्ग के करीब 10 लाख छात्र भुगतान के पात्र होंगे। अनुपूरक बजट में 425 करोड़ रुपये मिल जाने से सभी पात्र छात्र लाभांवित हो सकेंगे।
पिछले वित्त वर्ष में में मिले थे कुल 667 करोड़
वर्ष 2020-21 में सामान्य वर्ग के लिए 525 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया गया था। कुछ धनराशि पुनर्विनियोग के माध्यम से भी दी गई थी, जिससे यह राशि बढ़कर 667 करोड़ रुपये हो गई थी।
एससी छात्रों का बकाया 485 करोड़ भी मांगा
समाज कल्याण विभाग ने अनुपूरक बजट में दशमोत्तर कक्षाओं केअनुसूचित जाति के छात्रों के लिए भी 485 करोड़ रुपये की मांग की है। इसमें 196 करोड़ रुपये वर्ष 2018-19 और 289 करोड़ रुपये वर्ष 2019-20 की देयता है। इन दोनों वर्षों में केंद्र सरकार ने अपना पूरा शेयर दे दिया था, राज्य सरकार का ही बकाया है।