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अध्ययन में सामने आए चिंताजनक आंकड़े: हर तीन में से दो युवा स्मार्टफोन की लत के शिकार, बढ़ रहा अवसाद

Thu, 20 Aug 2026 09:48 AM IST
Ishwar Ashish Bhartiya अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ

सार

युवाओं में स्मार्टफोन की लत अवसाद बढ़ा रही है। हर तीन में से दो युवा स्मार्टफोन की लत के शिकार हैं। जिन युवाओं के बीच अध्ययन किया गया उसमें से 68 प्रतिशत लत के तो 75.68 प्रतिशत में अवसाद के लक्षण मिले हैं।
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स्मार्टफोन की लत बढ़ा रही अवसाद। - फोटो : AI Image
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विस्तार
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युवाओं में स्मार्टफोन का इस्तेमाल आदत से बढ़कर लत तक पहुंच चुका है। हर तीन में से करीब दो युवाओं में स्मार्टफोन की लत पाई गई। साथ ही मानसिक स्वास्थ्य पर भी इसका असर सामने आया है। इसकी वजह से युवाओं में अवसाद भी बढ़ रहा है। ये निष्कर्ष केजीएमयू और हिंद मेडिकल कॉलेज के साझा अध्ययन के हैं।

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यह अध्ययन अगस्त 2026 में इंटरनेशनल जर्नल ऑफ हेल्थ साइंसेज एंड रिसर्च में प्रकाशित हुआ है। अध्ययन में 18 से 30 वर्ष की उम्र के 74 स्वस्थ वयस्कों को शामिल किया गया। इनमें 40 पुरुष और 34 महिलाएं थीं। शोधकर्ताओं ने स्मार्टफोन के अत्यधिक इस्तेमाल का आकलन स्मार्टफोन एडिक्शन स्केल से किया। वहीं, अवसाद, चिंता और तनाव की स्थिति जानने के लिए डीएएसएस-21 प्रश्नावली का इस्तेमाल किया गया।

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अध्ययन में करीब 68 फीसदी प्रतिभागियों में स्मार्टफोन की लत पाई गई। 75.68 फीसदी में अवसाद के लक्षण मिले। 51.35 फीसदी प्रतिभागियों में चिंता और 58.11 फीसदी में तनाव के लक्षण पाए गए।

ऐसे कम करें मोबाइल फोन का इस्तेमाल
- स्क्रीन टाइम तय करें
- अनावश्यक सूचनाएं बंद करें
- सोने से पहले फोन दूर रखें
- खाने के समय फोन से दूरी
- सुबह उठते ही फोन न देखें
- सोशल मीडिया एप हटाएं या सीमित करें
- जरूरत न हो तो इंटरनेट बंद रखें

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फोन को नजरों से दूर रखें

- टहलना, किताब पढ़ना, व्यायाम, संगीत या परिवार के साथ बातचीत को दिनचर्या में शामिल करें।
- नजरअंदाज न करें ये संकेत
- बार-बार बिना जरूरत फोन देखना
- फोन दूर होने पर बेचैनी महसूस होना
- पढ़ाई या काम के दौरान लगातार फोन इस्तेमाल करना
- परिवार या सामाजिक गतिविधियों से दूरी बढ़ना
- फोन इस्तेमाल कम करने में कठिनाई होना
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