फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कोरोना: संतुलित आहार-विहार से मजबूत होगी रोग प्रतिरोधक क्षमता, अपनाएं ये आयुर्वेदिक नुस्खे

Sat, 18 Apr 2020 03:24 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क/अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
आयुर्वेदिक चिकित्सक वंदना पाठक ने दिए सुझाव। - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

कोरोना संक्रमण से बचाव में किसी भी व्यक्ति की रोग प्रतिरोधक क्षमता यानी इम्युनिटी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। ऐसे में आयुर्वेद चिकित्सक डॉ. वंदना पाठक कहती हैं कि संतुलित आहार-विहार से कोई भी व्यक्ति अपनी इम्यूनिटी बढ़ा सकता है। इसके लिए सूर्योदय के पहले उठें। नित्यक्रिया के बाद गुनगुने पानी से गरारा करें। यदि सूखी खांसी हो तो सेंधा नमक और गाय का घी मिलाकर पीठ और सीने पर हल्के हाथ से मालिश करें। फिर अजवायन के पानी का भाप लें। एक घंटे बाद हल्के गर्म पानी से स्नान करें। तिल का तेल या गाय का घी नाक के अंदर लगाएं। 

विज्ञापन

- फोटो : amar ujala
सुबह गिलोय का काढ़ा बनाकर पीएं
उन्होंने सुझाव दिया कि हमें भुजंगासन, उदगीत, भ्रामरी, भस्त्रिका, कपालभाति किसी योग्य शिक्षक के मार्गदर्शन में प्रतिदिन करेें। ध्यान आदि के बाद काढ़ा पीएं। काढ़ा बनाने के लिए प्रति व्यक्ति दो इंच गिलोय लें। इसे साफ कर कूट लें। चार कप पानी में डालकर चूल्हे पर चढ़ा दें और एक कप बचने पर सेवन करें। नाश्ता में सत्तू, भुना चना या भुना हुआ कोई अन्य अनाज लें। नाश्ता लेने बाद त्रिकटु-एक ग्राम, सोंठ, पिपली, काली मिर्च पाउडर बराबर मिलाकर शहद के साथ लें।
 

- फोटो : amar ujala
दोपहर के भोजन के बाद लें सोंठ का पानी
दोपहर के भोजन में दाल, चावल, सीजनल सब्जी, खिचड़ी आदि भूख लगने पर ही लें। अनाज पुराना होना चाहिए। इस सीजन में जौ, चना, मूंग, मसूर लाभकारी होगा। भोजन के बाद सोंठ का पानी लें। संभव हो तो दिन में कई बार ले सकते हैं। एक लीटर पानी तब तक गरम करें, जब तक वह आधा लीटर रहे। प्यास लगने पर एक चुटकी सोंठ पाउडर मिलाकर एक कप में पी लें।
 

- फोटो : pixa
रात का भोजन सोने से तीन घंटे पहले लें
वहीं रात का भोजन सोने से तीन घंटे पूर्व लें लेकिन भूख लगने पर, भोजन में पतली खिचड़ी गाय के घी के साथ लें। खिचड़ी पकाने से पहले सब्जियां भी मिला लें। सोने से पहले एक से तीन ग्राम हरड़ का चूर्ण गुनगुने पानी से लें। मीठा खट्टा, नमकीन, अम्ल लवण रस युक्त आहार अत्यधिक मात्रा में न लें। फ्रिज में रखा बासी भोजन कदापि न लें। 
 
विज्ञापन

इसका भी रखें ध्यान
इस ऋतु में कड़वा, तीखा, कसैला युक्त आहार को प्रोत्साहन दें। इसमें करैला, काली मिर्च, अदरक और आंवला आते हैं। इस समय दही लेने की अनुमति आयुर्वेद नहीं देता है। हल्दी, काली मिर्च, सौंफ, अजवायन, मेथी, धनिया, आंवला, सोंठ प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाते हैं। इस आहार विहार से इम्यून सिस्टम मजबूत होता जाएगा। 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें