एडीजी कानून व्यवस्था प्रशांत कुमार।
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सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर पंजाब से यूपी लाए जा रहे माफिया मुख्तार अंसारी के संबंध में अपर पुलिस महानिदेशक कानून व्यवस्था ने बयान जारी किया है। उन्होंने कहा है कि मुख्तार को यूपी लाने के लिए सुप्रीम कोर्ट ने जो निर्देश दिए हैं उनका पालन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि मुख्तार के खिलाफ कुल 52 मुकदमे दर्ज हैं। इसमें से 15 मामले विचाराधीन हैं। एडीजी कानून-व्यवस्था प्रशांत कुमार ने मंगलवार शाम तक मुख्तार के बांदा जेल पहुंचने की संभावना जताई है।
उन्होंने बताया कि मुख्तार के गैंग के खिलाफ प्रदेश सरकार ने कड़ी कार्रवाई करते हुए उसके नेटवर्क को ध्वस्त करने का काम किया है। गैंग के 96 सदस्य अब तक पकड़े जा चुके हैं। इसमें से 75 अपराधियों के खिलाफ गैंगेस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है। गैंग से जुड़े 72 लोगों का शस्त्र लाइसेंस निरस्त किया गया है। मुख्तार के 7 सहयोगी ठेकेदारों के खिलाफ भी कार्रवाई की गई है।
उन्होंने बताया कि मुख्तार द्वारा अर्जित अवैध संपति को गैंगेस्टर एक्ट के तहत कुर्क करते हुए अवैध निर्माण को ध्वस्त किया गया है। उसके सहयोगियों के कब्जे से संपतियों को जब्त किया गया है, खाली कराया गया है और ध्वस्त किया गया है। कार्रवाई के दौरान लगभग 192 करोड़ 6 लाख 22 हजार रुपये की संपति पर कार्रवाई की गई है।
पुलिस कर्मियों की जान लेना का भी है आरोप
प्रशांत कुमार के अनुसार मुख्तार पर पुलिस कर्मियों की हत्या का भी आरोप है। उन्होंने बताया कि यह यूपी आने से बचने के लिए तरह-तरह के हथकंडे अपनाता रहा। लेकिन प्रदेश सरकार की न्यायालय में कड़ी पैरवी की वजह से वह यूपी लाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि वह बिहार के शहाबुद्दीन के साथ मिलकर भी अपना आपराधिक साम्राज्य चलाता रहा है। आने वाले दिनों उसके खिलाफ दर्ज मामलों में तेजी से ट्रायल कराया जाएगा और सजा दिलाने का काम किया जाएगा।