डकैती की सीसीटीवी फुटेज की एक तस्वीर।
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सराफा डकैती कांड में शामिल अनुज प्रताप सिंह सोमवार सुबह उन्नाव के अचलगंज में एसटीएफ के साथ हुई मुठभेड़ में मारा गया। इसके पहले पांच सितंबर को एसटीएफ ने ही डकैत मंगेश यादव को मार गिराया था। डकैती में शामिल अरबाज, फुरकान, अंकित यादव और एक अज्ञात की गिरफ्तारी ही शेष बची है। इन पर भी एक-एक लाख का इनाम घोषित है। अनुज के मारे जाने के बाद फिर से राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।
चौक के ठठेरीबाजार में 28 अगस्त को दिनदहाड़े सराफ भरत जी सोनी की दुकान में डकैती पड़ी थी। हथियारों से लैश पांच बदमाशों ने लगभग दो करोड़ के आभूषण लूट लिए थे। इन पांच बदमाशों में अरबाज, फुरकान, मंगेश यादव, अंकित के साथ अमेठी के जनापुर थाना मोहनगंज का अनुज प्रताप सिंह भी शामिल था। दुकान में सबसे पहले घुसने वाला बदमाश अनुज ही था जिसने उस दिन सफेद शर्ट और नीली जींस पहन रखी थी। उसी को एसटीएफ ने उन्नाव के अचलगंज में सोमवार सुबह मुठभेड़ के दौरान मार गिराया। अनुज के सिर में गोली लगी है।
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इसके पहले कोतवाली देहात के मिश्रपुर पुरौना गांव के पास एसटीएफ ने जौनपुर के अगरौरा थाना बक्सा के मंगेश यादव को मार गिराया था जिसके बाद सपा प्रमुख अखिलेश यादव, कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष व लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी समेत कई नेताओं ने मुठभेड़ पर सवाल उठाए थे। जाति विशेष को निशाने पर रखने की बात कही गई थी और अबअनुज सिंह एनकाउंटर को लेकर तरह-तरह की बातें कर रहे हैं।
मास्टर माइंड समेत नौ बदमाश जेल में
डकैती का मास्टरमाइंड अमेठी के भवानीनगर थाना मोहनगंज का विपिन सिंह 29 अगस्त को ही रायबरेली कोर्ट में दूसरे मामले में सरेंडर करके जेल चला गया था। अमेठी के कोतवाली नगर के सहरी भीमी निवासी सचिन सिंह और पुष्पेंद्र सिंह, हारीपुर थाना पीपरपुर के त्रिभुवन को तीन सितंबर को पुलिस मुठभेड़ में गिरफ्तार कर लिया गया था। 11 सितंबर को डकैती कांड का खुलासा किया गया था और अमेठी के सहमेमऊ थाना मोहनगंज के विनय शुक्ला, रायबरेली के नया पुरवा निवासी दुर्गेश सिंह, अमेठी के भवानीनगर थाना मोहनगंज के विवेक सिंह और आजमगढ़ के चमराडीह थाना फूलपुर के अरविंद यादव को जेल भेजा गया था। 20 सितंबर को जयसिंहपुर के मुइली गांव के पास मुठभेड़ में इनामी बदमाश जौनपुर के सिंगरामऊ निवासी अजय यादव को गिरफ्तार कर लिया गया था। इस दौरान डकैतों से लगभग ढाई किलो सोना और 30 किलो चांदी बरामद की गई।
15 में नौ डकैत अमेठी के
वारदात में शामिल 15 बदमाशों में से नौ अमेठी जनपद के रहने वाले हैं। इनमें अमेठी के थाना मोहनगंज का अरबाज, पूरे चंदई चिलौली थाना मोहनगंज का फुरकान अभी पकड़ में नहीं आया है। इनके अलावा अरबाज का एक साथी और प्रतापगढ़ के हरिपुरा थाना आसपुर देवसरा का अंकित यादव भी पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ा है। पुलिस अधीक्षक सोमेन वर्मा का कहना है कि सराफ की दुकान में घुसकर डकैती डालने वालों में अनुज प्रताप सिंह भी शामिल था। उन्नाव में एसटीएफ से हुई मुठभेड़ में वह मारा गया। जो डकैत अभी पकड़े नहीं गए हैं, उनकी गिरफ्तारी के लिए टीमें लगाई गई हैं।