सोमवार को भारतीय जनता पार्टी युवा मोर्चा के विधानसभा के आगे जोरदार प्रदर्शन पर मंगलवार को भी सदन में हंगामा हुआ। सदन में समाजपार्टी और भारतीय जना पार्टी आमने-सामने आ गई।
सपा ने भाजपा पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा सांप्रदायिकता फैलाती है और भाजपा के नेता गोला-बारूद, हथियार इकट्ठा करते हैं।
सपा ने भाजपा पर तंज कसते हुए कहा कि क्या यही हैं अच्छे दिन के नतीजे? वहीं, भाजपा नेताओं ने सदन में सपा सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
सोमवार को भी हुआ सदन में हंगामा
बताते चलें कि सोमवार को भाजयुमो ने विधानभवन के आगे करीब 1 बजे के आस-पास जमकर बवाल काटा।
मामला इतना बढ़ गया कि पुलिस को लाठीचार्ज और हथगोले तक इस्तेमाल करने पड़े। इस मामले पर सोमवार को भी विधानसभा व विधान परिषद में जमकर हंगामा हुआ।
भाजपा विधायकों ने वैल में आकर धरना दिया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
विधानसभा में भाजपा विधानमंडल दल के उपनेता सतीश महाना ने शून्य प्रहर में तात्कालिक महत्व का मुद्दा बताते हुए भाजयुमो कार्यकर्ताओं पर लाठीचार्ज का मामला उठाया। साथ ही उन्होंने सदन की कार्यवाही स्थगित कर इस मामले पर चर्चा कराने की मांग की।
14 जुलाई को भी खड़ा होगी मुसीबत!
उधर, मंगलवार को ही भाजयुमो पूर प्रदेश सपा सरकार के खिलाफ सड़क पर उतरेगी।
सपा सरकार के खिलाफ भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीआई) भी मोर्चा खोले हुए है। पार्टी 14 जुलाई को प्रदेश भर में केंद्र व राज्य सरकार के विरोध में प्रदर्शन करेगी।
इसमें महंगाई पर अंकुश लगाने व कानून व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग की जाएगी। इसका निर्णय पार्टी की राज्य कौंसिल की दो दिनी बैठक में किया गया। पार्टी लोकसभा व विधानसभा के उपचुनावों में अपना प्रत्याशी खड़ा करेगी।