सरकारी कार्यालयों में अधिकतम 50 प्रतिशत लोगों की ही उपस्थिति रहेगी। इसमें भी रोटेशन प्रक्रिया लागू रहेगी। निजी कंपनियों में घर से काम करने की व्यवस्था को प्रोत्साहित करने के लिए कहा गया है। फ्रंट लाइन पर काम करने वाले विभागों में 100 प्रतिशत उपस्थिति रहेगी। सरकारी विभागों के साथ कोविड हेल्प डेस्क की स्थापना निजी संस्थानों में भी करने के निर्देश दिए गए हैं। रेलवे स्टेशन, एयरपोर्ट और बस स्टेशनों पर स्कैनिंग की प्रक्रिया जारी रहेगी। वहीं, पूरे प्रदेश में धार्मिक स्थलों पर अधिकतम 5 लोग, अंतिम संस्कार में अधिकतम 20 और शादी समारोह में अधिकतम 25 लोगों के शामिल होने की अनुमति होगी।
टीम-9 के साथ मुख्यमंत्री योगी ने प्रदेश में कोरोना की वर्तमान स्थिति पर चर्चा की और ये बातें कहीं:
- कोरोना महामारी से प्रदेश को सुरक्षित रखने की दिशा में लगातार किए जा रहे प्रयासों के अच्छे परिणाम मिल रहे हैं। देश में सबसे ज्यादा कोविड टेस्ट करने वाले उत्तर प्रदेश में 30 अप्रैल के 03 लाख 10 हजार 783 मरीजों की पीक की स्थिति के सापेक्ष एक माह में 88.1 फीसदी की गिरावट हो गई है। वर्तमान में 37,044 कोरोना केस एक्टिव हैं। हमारी रिकवरी दर 96.6% हो गई है। बीते 24 घंटे में प्रदेश की पॉजिटिविटी दर मात्र 0.5 फीसदी रही।
उन्होंने बैठक में कहा कि जिस प्रदेश के बारे में विशेषज्ञों ने आशंका व्यक्त की थी कि यहां मई में हर दिन एक लाख से अधिक नए कोरोना मरीज सामने आएंगे, वहां बीते 24 घंटो में 1,497 मरीज पाए गए हैं। दैनिक मरीजों की यह संख्या 24 अप्रैल को आये 38,055 मरीजों की पीक स्थिति के सापेक्ष 36 हजार से अधिक की कमी आ चुकी है। बीते 24 घंटों में 5,491 लोग स्वस्थ होकर डिस्चार्ज हुए हैं। इस तरह अब तक कुल 16 लाख 37 हजार 944 प्रदेशवासी कोरोना से मुक्त होकर स्वस्थ हो चुके हैं।
उन्होंने कहा कि कोरोना म्यूटेशन के संबंध में गहन अध्ययन की आवश्यकता है। अनेक संस्थानों द्वारा विभिन्न मानकों पर अध्ययन किया भी जा रहा है। ऐसे में सेंट्रल ड्रग रिसर्च इंस्टीट्यूट के सहयोग से प्रदेश में कोरोना की जीनोम सिक्वेंसिंग कराई जाए। इस वैज्ञानिक अध्ययन के निष्कर्ष भविष्य में इस महामारी से बचाव में निश्चित ही उपयोगी सिद्ध होंगे।
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि ट्रेस, टेस्ट और ट्रीट की नीति के अनुरूप उत्तर प्रदेश की नीति के संतोषप्रद परिणाम मिल रहे हैं। बीते 24 घंटों में 03 लाख 12 हजार 677 टेस्ट हुए, इसमें 1.42 लाख सैम्पल आरटीपीसीआर माध्यम से जांचे गए। उत्तर प्रदेश सर्वाधिक कोविड टेस्ट करने वाला राज्य है। अब तक यहां 04 करोड़ 94 लाख 09 हजार 446 सैम्पल की टेस्टिंग हुई है।
मुख्यमंत्री ने कोरोना से कुल संक्रमित हुए लोगों, स्वस्थ हुए लोगों, एंटीबॉडी आदि के सम्बंध में "सीरो सर्वे" कराए जाने की आवश्यकता जताई है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में 04 जून से प्रदेश में सैंपलिंग का प्रारंभ होगा। इससे लिंग और आयु सहित अलग-अलग पैमाने पर संक्रमण की अद्यतन स्थिति का आकलन हो सकेगा। यह कार्यवाही तेजी से की जाए। जून के अंत तक इस सर्वे के परिणाम प्राप्त होने की संभावना है।