दून एक्सप्रेस दुर्घटना में घायल हुए लोगों में विवेक कुमार दुबे पुत्र सुरेश चंद्र दुबे (गंभीर), कुरैशा खातून पत्नी अब्दुल जव्वाद (सामान्य), इंद्रावती पत्नी विष्णु (सामान्य)
शिवम कुमार पांडे पुत्र स्व. रामअवतार पांडे (सामान्य), सलमा खातून पत्नी मो. शाहिद (सामान्य) तुकाराम (सामान्य), निर्मला देवी पत्नी राजू सोनकर (सामान्य), वहीदा खातून पत्नी वाशी अहमद (सामान्य) का इलाज चल रहा है।
इनके अलावा राजवंती कुंवर पत्नी रसूल, गिरजा देवी और रूपा देवी को सामान्य चोटें आईं, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद डिस्चार्ज कर दिया गया।
ऐसे हुई दुर्घटना
हावड़ा से बनारस की ओर जा रही दून एक्सप्रेस उत्तर प्रदेश के जफरगंज रेलवे स्टेशन के पास पटरी से उतर गई।
करीब दोपहर दो बजे हुए इस हादसे में आठ डिब्बों के पटरी से उतरने की जानकारी मिल रही है।
वहां तत्काल राहत कार्य शुरू कर दिए गए हैं, लेकिन इस बात का पता नहीं चल पाया है कि हादसा किस वजह से हुआ।
पास के ही जिले फैजाबाद से एक्सीडेंट रिलीफ ट्रेन के साथ कुछ रेलवे अधिकारी मौके पर पहुंचे। साथ ही क्यूआरटी भी वहां पहुंची।
तकनीकी खामी के कारण हादसा
मिल रही ताजा जानकारी के मुताबिक, यह रेल हादसा ट्रैक में किसी तकनीकी खामी की वजह से हुआ है।
रेलवे के अधिकारी मौके पह पहुंच चुके हैं और शुरुआती जांच में पाया गया है कि ट्रैक में दिक्कत की वजह से ट्रेन संतुलन खो बैठी।
हालांकि, ट्रेन में बैठे लोग इस पूरे हादसे से दहशत में हैं और जल्द से जल्द अपने घर पहुंचना चाहते हैं। कुछ यह भी कह रहे हैं कि इतने भीषण हादसे में उनकी जान का बच पाना एक चमत्कार ही है।
अन्य ट्रेनों के रूट में बदलाव
दून एक्सप्रे में हुए हादसे की वजह से कई ट्रेनों के रूट भी बदलने पड़े हैं। इसमें 13152 सियाल्दाह एक्सप्रेस एक ट्रेन है। यह अब सुल्तानपुर होकर जाएगी।
इसके अलावा, 18192 उत्सर्ग एक्सप्रेस और 12225 कैफियत एक्सप्रेस के रूट भी बदल दिए गए हैं।
इसके आलवा, रेलवे अधिकारियों ने यह जानकारी दी है कि हादसे में छह लोग घायल हुए हैं जिन्हें फैजाबाद जिला अस्पताल भेज दिया गया है। एक्सीडेंट रिलीफ ट्रेन मौके से तीन बजे रवाना हुई।
बताया जा रहा है कि आठ डिब्बे पलटने के बाद भी जान-माल को ज्यादा नुकसान नहीं हुआ। रेलवे अधिकारी भी मान रहे हैं कि बड़ा हादसा टल गया है।