सपा सूत्रों का कहना है कि पार्टी नेतृत्व प्रत्येक जिले की शहर व जिला कमेटियों के बारे में रिपोर्ट ले रहा है। ताकि यह पता चले सके कि इन कमेटियों के पदाधिकारी सांगठनिक कामकाज में रुचि ले रहे हैं या नहीं।
पार्टी की ओर से होने वाले धरना-प्रदर्शन में कितने लोगों के साथ भागीदारी कर रहे हैं। पार्टी के एक पदाधिकारी ने नाम न छापने के आग्रह के साथ बताया कि पार्टी ने फैसला किया है कि निष्क्रिय पदाधिकारी को किसी भी कमेटी में नहीं रखा जाएगा। जल्द ही इस अभियान का असर दिखेगा।