अवध की पहचान बना चुका रूमी गेट लखनऊ मेट्रो स्टेशनों की भी शान बनेगा।
लखनऊ मेट्रो रेल कारपोरेशन (एलएमआरसी) की कोशिश है कि जिस तरह मेट्रो के ‘लोगो’ में ऐतिहासिक रूमी गेट की झलक दिखती है, उसी तरह मेट्रो के स्टेशनों में उसकी झलक दिखे।
वैसे मेट्रो स्टेशनों के स्वरूप को लेकर अभी कुछ तय नहीं हुआ है, लेकिन एलएमआरसी इसकी डिजाइन रूमी गेट जैसा रखने पर गैर कर रही है।
एलएमआरसी सबसे पहले नार्थ साउथ कारीडोर (अमौसी से मुंशी पुलिया) का निर्माण शुरू करेगी। इस कारीडोर में 22 स्टेशन हैं।
इनमें 19 स्टेशन जमीन से ऊपर यानी एलीवेटेड रहेंगे और तीन स्टेशन अंडरग्राउंड बनने हैं।
नार्थ साउथ कारीडोर के जो प्रमुख स्टेशन हैं उनमें चौधरी चारण सिंह एयरपोर्ट (अमौसी), आलमबाग चौराहा, मवैया, चारबाग, हुसैनगंज, विधानसभा, हजरतगंज, केडी सिंह स्टेडियम, लखनऊ विश्वविद्यालय, आईटी चौराहा, महानगर, बादशाह नगर, लेखराज, भूतनाथ, इंदिरा नगर व मुंशी पुलिया शामिल है।
जुलाई में शुरू होगा मेट्रो का काम
मेट्रो का निर्माण कार्य जुलाई के अंत में शुरू हो सकता है। इसके लिए एलएमआरसी मतदान के बाद निर्माण कार्य के लिए टेंडर आमंत्रित कर देगी।
एलएमआरसी के प्रबंधन निदेशक राजीव अग्रवाल का कहना है कि टेंडर प्रक्रिया में करीब डेढ़ महीने का समय लगता है। ऐसे में जुलाई के अंत में नार्थ साउथ कारीडोर का काम शुरू हो जाएगा। सबसे पहले सिविल वर्क होगा।
उसमें भी डक्ट बनाने का काम पहले किया जाएगा। डक्ट ऐसा रास्ता या सुरंग होता है, जिसमें से निर्माण के जरूरी उपकरण पहुंचाए जाते हैं। इस माह राजधानी आ रहे मेट्रो मैन ई. श्रीधरन भी इसको लेकर सलाह ली जाएगी।
इसके अलाव मेट्रो परियोजना से जुड़े कई अन्य मसलों पर भी विचार विमर्श किया जाएगा। इनमें मेट्रो का सिग्नल सिस्टम, निर्माण कार्य, मेट्रो रूट आदि प्रमुख हैं।