केजीएमयू के ट्रॉमा में आया सुल्तानपुर निवासी वृद्ध 18 मई को ब्लड सैंपल देकर लापता हो गया था। शाम को उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई तो खोजबीन शुरू हुई। उसके मोबाइल नंबर पर घंटी जाती रही, लेकिन कॉल रिसीव नहीं किया। सुबह करीब सात बजे वह दोबारा होल्डिंग एरिया आया तब जाकर उसे आइसोलेशन में भर्ती कराया गया।
लावारिस को खोजने में छूटे पुलिस के पसीने
लोहिया संस्थान में भर्ती कराए गए लावारिस मरीज में कोरोना की पुष्टि हुई। मानसिक मंदित मरीज 18 अप्रैल की रात नौ बजे अस्पताल से भाग गया। 19 अप्रैल की सुबह करीब पांच बजे मरीज को इंदिरानगर भूतनाथ बाजार के पास पकड़ा गया।
दिए गए मामले यह बताने के लिए काफी हैं कि लखनऊ के चिकित्सा संस्थानों और स्वास्थ्य विभाग के लिए एक नई चुनौती खड़ी हो गई है। होल्डिंग एरिया में आने वाले मरीज सैंपल देने के बाद लापता हो जा रहे हैं। ऐसे में इनसे वायरस फैलने का खतरा बना हुआ है। केजीएमयू सहित अन्य चिकित्सा संस्थानों ने होल्डिंग एरिया में गार्ड की तैनाती कर दी है।