अवध आसाम एक्सप्रेस के जनरल कोच में पैर रखने की जगह नहीं थी। सीटों से चादरों को बांधकर यात्री सफर कर रहे थे। शौचालय व गैलरी तक पैसेंजर खड़े थे। कमोबेश यही हालात त्रिवेणी एक्सप्रेस में देखने को मिली। लखनऊ से दिल्ली जाने वाली ट्रेनों पद्मावत, काशी विश्वनाथ, अयोध्या एक्सप्रेस, वैशाली, गोरखधाम सहित मुंबई की पुष्पक, कुशीनगर आदि गाड़ियों में यात्रियों की भीड़ रही। वहीं, छठ पर पूर्वांचल जाने वाले यात्रियों का रेला ट्रेनों में उमड़ा।
अव्यवस्थाएं ढकने को फोटो-वीडियो पर बैन
चारबाग रेलवे स्टेशन पर भीड़ के चलते होने वाली अव्यवस्थाओं को ढकने के लिए आरपीएफ प्रभारी निरीक्षक भूपेंद्र सिंह डागर ने फोटोग्राफी पर प्रतिबंध लगा दिया है। फुटओवर ब्रिज पर तैनात सिपाही विनोद पाल यात्रियों को वीडियो बनाने से रोकते नजर आए। उन्होंने बताया कि प्रभारी निरीक्षक के निर्देश पर ऐसा किया जा रहा है। प्लेटफॉर्मों पर भी जवान यात्रियों को फोटो, वीडियो बनाने से रोकते रहे। हालांकि जहां जवान तैनात नहीं थे, वहां वीडियो, फोटो बनाए गए।
छठ मइया के गीतों से सफर सुहाना
गोमतीनगर से पटना जाने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस के यात्रियों का सफर उस समय यादगार बन गया, जब चेयरकार बोगियों में छठ के गीत बजने लगे। वहीं पूर्वोत्तर रेलवे प्रशासन की ओर से गोमतीनगर, सिटी स्टेशन, बादशाहनगर, डालीगंज, सीतापुर आदि स्टेशनों पर भी छठ के गीत बजाए गए। इससे यात्रियों का सफर यादगार बन गया।
बसों में भी श्रद्धालुओं का रेला
लखनऊ से गोरखपुर, बस्ती, गोंडा, कुशीनगर, बहराइच आदि जगहों को जाने वाली बसों में शनिवार को भीड़ रही। चारबाग, कैसरबाग, अवध व आलमबाग बस टर्मिनलों से रवाना होने वाली बसें फुल रहीं। 300 अतिरिक्त बसों का संचालन किया गया, जिससे यात्रियों की आवाजाही आसान हो सकी। ट्रेनों में लंबी वेटिंग के चलते यात्रियों के पास बसों का ही सहारा रहा। क्षेत्रीय प्रबंधक आरके त्रिपाठी ने कर्मियों व अफसरों की विशेष ड्यूटी बस अड्डों पर लगाई, जिससे व्यवस्थाओं को संभालने में मदद मिली।