मंडल स्तरीय समीक्षा बैठकें की जाएंगी
राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) को अब शिक्षा मंत्रालय की ओर से हर जिले की रिपोर्ट और स्टेटस मिल गया है। इसके आधार पर उसकी तरफ से इसमें सुधार की कवायद शुरू कर दी गई है। एससीईआरटी के संयुक्त निदेशक डॉ. पवन सचान ने कहा कि जिलों के रिपोर्ट कार्ड के आधार पर नवंबर में मंडल स्तरीय समीक्षा बैठकें की जाएंगी।
इसमें डायट प्राचार्य, एसआरजी, नोडल अधिकारियों को बुलाकर प्रशिक्षण दिया जाएगा ताकि वे और बेहतर कर सकें। जिन जिलों ने अच्छा परफार्म किया है, वहां से जहां की रिपोर्ट खराब है, आपस में संवाद कराएंगे। तीन महीने बाद फिर इसकी समीक्षा करेंगे।
हर शिक्षक तक पहुंचेगी जानकारी
डॉ. सचान ने कहा कि हमारा प्रयास है कि हर जिले के हर शिक्षक को परख सर्वे की जानकारी हो। इसके लिए जिला स्तर पर रणनीति बनाई जाएगी। शिक्षकों को समग्र शिक्षा में जरूरत आधारित ट्रेनिंग के लिए बजट आवंटित किया गया है। मंडलीय समीक्षाओं के बाद जिलों में शिक्षकों को परख से जुड़ा प्रशिक्षण देंगे। इसमें मंडलीय समीक्षा में शामिल शिक्षक इससे जुड़ी जानकारी देंगे।
शिक्षकों के लिए मॉड्यूल भी बन रहा
संयुक्त निदेशक ने बताया कि परख का शिक्षकों के लिए एससीईआरटी मॉड्यूल भी बना रहा है। चार पेज के इस मॉड्यूल में देश और प्रदेश का रिपोर्ट कार्ड होगा। दो पेज में संबंधित जिले की जानकारी होगी। इससे हर जिले की जानकारी मिलेगी। साथ ही इसकी हर तीन महीने में तैयारी बैठक की जाएगी। हम अच्छा करने वाले अन्य प्रदेशों की जानकारी भी इसमें शामिल करेंगे।
प्रदेश के 2.53 लाख छात्र हुए थे शामिल
पिछले मूल्यांकन में कक्षा 3 के छात्रों का भाषा, गणित और द वर्ल्ड अराउंड अस विषयों में 90 मिनट की परीक्षा में हुआ। कक्षा 6 और 9 के छात्रों का मूल्यांकन भाषा, गणित, विज्ञान और सामाजिक विज्ञान विषयों में क्रमशः 90 और 120 मिनट की परीक्षा के माध्यम से किया गया। इस सर्वे में प्रदेश के कुल 253720 छात्र, 30817 शिक्षक और 8865 विद्यालय शामिल हुए। विद्यालयों में परिषदीय, राजकीय, सहायता प्राप्त, निजी, मदरसे, सीबीएसई, आईसीएसई, नवोदय एवं केंद्रीय विद्यालय शामिल थे।