कथक करती ईशा रतन एवं मीशा रतन।
- फोटो : कथक करती ईशा रतन एवं मीशा रतन।
लखनऊ। कैसरबाग स्थित राय उमानाथ बली प्रेक्षागृह में बिरजू महाराज कथक संस्थान एवं संस्कृति विभाग की ओर से बुधवार को युगल नृत्यांजलि का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम कथक संध्या शृंखला के तहत हुआ। इसमें कलाकारों की प्रस्तुतियों ने सभी का मन मोह लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि डॉ. शकुंतला मिश्रा राष्ट्रीय पुनर्वास विश्वविद्यालय के कुलपति आचार्य संजय सिंह व संस्थान की अध्यक्ष डॉ. कुमकुम धर ने किया।प्रथम प्रस्तुति गोविंद चौधरी एवं रोशनी प्रसाद ने दी। उन्होंने नमामी शमीशाम स्तुति से भगवान शिव को समर्पित भावपूर्ण नृत्य प्रस्तुत किया। श्री राधे रानी की प्रस्तुति से राधा-कृष्ण की मधुर नोकझोंक का सजीव एवं मनोहारी चित्रण किया।
द्वितीय प्रस्तुति युवा कलाकार अंजुल बाजपेई एवं पीयूष पांडेय ने दी। उनकी लयकारी एवं भावाभिव्यक्ति ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। वहीं, ईशा रतन एवं मीशा रतन की जोड़ी ने पारंपरिक कथक का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। राजीव शुक्ला सारंगी पर, मनीष हारमोनियम एवं गायन में आरिफ ने संगत की। इस अवसर पर संस्थान की उपाध्यक्ष डॉ. मिथिलेश तिवारी एवं संस्थान की सदस्य सुरभि सिंह, सुरभि सिंह आदि मौजूद रहे। मंच संचालन देवेंद्र सिंह ने किया।