शासनादेश के अनुसार 27 अक्तूबर तक प्रदेश के निजी कोल्ड स्टोरेज में 15.08 लाख मीट्रिक टन आलू था। गत वर्ष इसी अवधि में 32.19 लाख मीट्रिक टन आलू बचा हुआ था। 29 अक्तूबर को न्यूनतम थोक बाजार भाव 2680 रुपये प्रति क्विंटल मथुरा की मंडी में, जबकि अधिकतम थोक बाजार भाव 3275 रुपये प्रति क्विंटल गाजियाबाद में था।
इस तरह से फुटकर बाजार भाव 35 से 45 रुपये/किग्रा के बीच रहा। हालांकि विभागीय सूत्रों के मुताबिक, 2 नवंबर को निजी कोल्ड स्टोरेज में 9.7 लाख मीट्रिक टन आलू ही बचा है। इनमें से करीब ढाई लाख मीट्रिक टन बीज के रूप में इस्तेमाल किया जाएगा।
राज्य में टमाटर की खेती 21,500 हेक्टेयर क्षेत्रफल में की जाती है। उत्पादन लगभग 8.8 लाख मीट्रिक टन रहता है। जुलाई से नवंबर के बीच अन्य प्रदेशों से टमाटर मंगाया जाता है। इस कारण भी मूल्य में वृद्धि रहती है। अधिक वर्षा के कारण प्रदेश में अगेती टमाटर का उत्पादन कम हुआ है।
- हरियाणा व हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश से टमाटर की फसल को नुकसान हुआ है। इसलिए प्रदेश की विभिन्न मंडियों में 29 अक्तूबर तक टमाटर की आवक मात्र 3.06 लाख मीट्रिक टन ही रही। औसत थोक बाजार भाव 2703 रुपये प्रति क्विंटल और फुटकर बाजार भाव 40 से 70 रुपये/किग्रा के बीच रहा।
- उत्तर प्रदेश में प्याज की खेती 28000 हेक्टेअर क्षेत्रफल में की जाती है। हर वर्ष लगभग 4.50 लाख मीट्रिक टन प्याज का उत्पादन होता है।
- प्रदेश में उत्पादित प्याज की उपलब्धता मार्च से सितंबर तक रहती है। वहीं अक्तूबर से फरवरी के बीच देश के अन्य प्रदेशों से प्याज की आवक होती है।
- महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश में भारी बारिश से प्याज की फसल खराब होने के कारण इसके भाव में बढ़ोतरी हुई है। इस कारण से 29 अक्तूबर तक प्रदेश में प्याज की आवक मात्र 6.13 लाख मीट्रिक टन ही रही।
- औसत थोक बाजार भाव 4347 रुपये प्रति क्विंटल व फुटकर बाजार भाव 40 से 60 रुपये प्रति किलोग्राम के बीच रहा।
उत्तर प्रदेश सरकार ने नेशनल एग्रीकल्चरल कोऑपरेटिव मार्केटिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (नैफेड) से 25 हजार मीट्रिक टन आलू की आपूर्ति तत्काल करने को कहा है। अपर मुख्य सचिव उद्यान मनोज सिंह ने बताया कि इससे आलू की बढ़ती कीमतों पर नियंत्रण में मदद मिलेगी। औसत थोक बाजार भाव 4347 रुपये प्रति क्विंटल व फुटकर बाजार भाव 40 से 60 रुपये प्रति किलोग्राम के बीच रहा।