लखनऊ। इटाैंजा के तुर्की निवासी नवविवाहिता हिमांशी कश्यप की मौत डूबने से हुई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उनके सिर पर चोट भी मिली है, जो जिंदा नहर में फेंके जाने का संकेत देती है। शनिवार को इटौंजा पुलिस ने हिमांशी के पति प्रदीप, सास सुनीता और ननद राखी को गिरफ्तार किया है।
एसीपी बख्शी का तालाब विकास पांडेय ने बताया कि आरोपियों ने पूछताछ में 12 जुलाई को हिमांशी के आत्महत्या करने की बात कबूली। परिवार के फंसने के डर से प्रदीप ने शव को कार में रखा और मां सुनीता और बहन राखी को भी बैठाया। उन्होंने शव को चिनहट स्थित इंदिरा नहर में फेंक दिया। पुलिस को हिमांशी का हाथ से लिखा सुसाइड नोट भी मिला, जिसे फोरेंसिक लैब भेजा गया है। पोस्टमार्टम के बाद हिमांशी का शव मायके वालों को सौंप दिया गया।
एसीपी ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर विशेषज्ञ की राय ली जाएगी। हिमांशी के ससुर श्रीराम, ननद प्रीति और भांजा शिवा हिरासत में हैं। जेठ संदीप की तलाश जारी है।
यह है पूरी घटना
सीतापुर निवासी हिमांशी की शादी 26 फरवरी को प्रदीप गौड़ से हुई थी। वे इटौंजा के तुर्की गांव में रह रहे थे। 11 जुलाई की रात हिमांशी ने पिता को फोन कर जान का खतरा बताया था। अगले दिन मायके वाले ससुराल पहुंचे तो घर पर ताला लगा मिला। पिता पवन की तहरीर पर दहेज हत्या की प्राथमिकी दर्ज की गई। हिमांशी का शव मंगलवार को नगराम में लावारिस मिला और बृहस्पतिवार को मायके वालों ने उसकी पहचान की।