जाली नोटों का चलन रोकने के लिए बैंकों में नोट पहचानने की मशीनें लगाने की सलाह दी गई है। पुलिस विभाग ने यह सलाह रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के अधिकारियों को दी।
पिछले दिनों हुई एक बैठक के दौरान आला पुलिस अफसरों ने बैंक अधिकारियों से कहा कि वे प्रदेश की नेपाल सीमा व अन्य प्रदेशों की सीमाओं से सटे जिलों व कस्बों में इन मशीनों को लगवाना सुनिश्चित करें।
अधिक से अधिक संख्या में मशीनें लगने के साथ ही बैंक कर्मियों व पुलिस कर्मियों को इस दिशा में प्रशिक्षित करने की भी जरूरत है।
हालांकि, इससे पहले भी पुलिस अफसर जाली नोटों का प्रचलन रोकने के मुद्दे पर होने वाली उच्चस्तरीय बैठक में बैंक शाखाओं में मशीन लगवाने की सलाह दे चुके हैं, लेकिन अब भी कई बैंकों में इसे लगाया नहीं जा सका है।
अब एक बार फिर यह मशक्कत हो रही है कि ऐसे जिलों में तैनात पुलिसकर्मियों को भी बैंकों से नकली नोटों को पहचानने के लिए प्रशिक्षित कराया जाए।
इस बैठक में एटीएस के अधिकारियों ने बैंक की शाखाओं के साथ ही एटीएम केंद्रों पर एक से अधिक कैमरे लगाने की जरूरत पर जोर दिया।
पुलिस का मानना है कि बैंकों में नकली नोट जमा करने और फिर एटीएम से असली नोट निकालने वालों पर इससे अंकुश लग सकेगा और उनकी धर-पकड़ में भी आसानी होगी।
पुलिस अफसरों ने आरबीआई के अफसरों से कहा है कि वे विभिन्न राष्ट्रीयकृत बैंकों के अधिकारियों को इस बाबत आवश्यक निर्देश दें ताकि सभी बैंकों की शाखाओं में यह सावधानियां बरती जा सकें।