लखनऊ। गोमतीनगर के विवेकखंड निवासी बीबीए छात्र वासुदेव मलिक (20) ने अवसाद के चलते सोमवार को घर में फंदा लगाकर जान दे दी। छात्र के कमरे से परिजनों को सुसाइड नोट भी मिला है। पिता चंदन मलिक लाटूश रोड इलाके में स्पोर्ट्स आइटम की दुकान हैं। उनके मुताबिक, गत 14 मई को लोहिया संस्थान में बेटे का वैरिकोसेले (एक ऐसी स्थिति जिसमें अंडकोश की थैली में नसें फूल जाती हैं) का ऑपरेशन हुआ था। इसके बाद से वह अवसाद में था।
सोमवार देर शाम जब बेटे के कमरे में पहुंचे तो उसे फंदे से लटका पाया। वासुदेव ने एक लाइन सुसाइड नोट छोड़ा था, जिसमें लिखा था पापा आईएम सॉरी...। चंदन ने बताया कि रविवार को वासुदेव की मां दीप्ति का जन्मदिन था। उसने मां के जन्मदिन को सेलिब्रेट भी किया था। इसके दूसरे दिन फंदे से लटक गया। इंस्पेक्टर गोमतीनगर ब्रजेश चंद्र तिवारी ने बताया कि छात्र के सुसाइड नोट को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। परिजनों ने कोई आरोप नहीं लगाया है।
कर्ज से परेशान युवक ने दी जान
लखनऊ। कर्ज से परेशान बाजारखाला की टिकैतराय काॅलोनी निवासी शुभम शुक्ला (35) ने सोमवार देर रात फंदा लगाकर जान दे दी। शुभम का दो पेज का सुसाइड नोट भी मिला है। इंस्पेक्टर बाजारखाला ब्रजेश सिंह ने बताया कि शुभम ने सात बैंकों के क्रेडिट कार्ड पर लोन ले रखा था। वह एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करते थे, लेकिन तीन साल पहले नौकरी छूट जाने से कर्ज अदा नहीं कर पा रहे थे। परिवार में पत्नी प्रतिमा शुक्ला व पांच साल की बेटी कुहू है। (संवाद)